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आईफोन का निर्माण भारत में ही होगा

डोनाल्ड ट्रंप की धमकी को दरकिनार कर दिया कंपनी ने

राष्ट्रीय खबर

नईदिल्लीः ट्रंप की धमकियों के बावजूद, एपल भारत में ही आईफोन बनाना जारी रखेगा। कंपनी का मानना है कि भारत में उत्पादन से उसे काफी फायदा होगा और इसलिए वह किसी भी राजनीतिक दबाव में आकर अपने फैसले नहीं बदलेगी। मामले से जुड़े एक शीर्ष सरकारी अधिकारी ने बताया कि उन्हें पूरा यकीन है कि ट्रंप प्रशासन के किसी भी दबाव के बावजूद एपल कंपनी मुनाफे को ही तरजीह देगी। रिपोर्टों के अनुसार, एपल भारत में मौजूद बेहतरीन प्रतिभा और यहां के व्यापार के लिए अनुकूल माहौल पर अधिक ध्यान दे रहा है।

शुक्रवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने साफ किया था कि अमेरिका में बिकने वाले आईफोन का निर्माण भारत या किसी अन्य देश में नहीं, बल्कि अमेरिका में ही होना चाहिए। उन्होंने एपल के सीईओ टिम कुक को चेतावनी देते हुए कहा था कि अगर एपल अमेरिका में आईफोन नहीं बनाता है, तो कंपनी पर कम से कम 25 फीसद टैरिफ लगाया जाएगा।

15 मई को ट्रंप ने टिम कुक के साथ अपनी बातचीत का जिक्र करते हुए कहा, कल मुझे टिम कुक से थोड़ी परेशानी हुई। मैंने उनसे कहा, ‘टिम, तुम मेरे दोस्त हो, तुम 500 बिलियन डॉलर ला रहे हो, लेकिन अब मैं सुन रहा हूं कि तुम पूरे भारत में उत्पादन कर रहे हो। मैं नहीं चाहता कि तुम भारत में उत्पादन करो।’

उन्होंने आगे कहा कि अगर तुम भारत का ख्याल रखना चाहते हो, तो तुम भारत में निर्माण कर सकते हो, क्योंकि भारत दुनिया के सबसे अधिक टैरिफ वाले देशों में से एक है। भारत में बेचना बहुत मुश्किल है और उन्होंने हमें एक डील की पेशकश की है। इसके तहत वे हमसे कोई टैरिफ नहीं लेंगे। मैंने टिम से कहा, ‘देखो, हमने वर्षों तक चीन में तुम्हारे सभी प्रोजेक्ट्स को सहन किया, अब तुम्हें अमेरिका में उत्पादन करना होगा, हम नहीं चाहते कि तुम भारत में निर्माण करो। भारत अपना ख्याल खुद रख सकता है।

फिलहाल, एपल अमेरिका में स्मार्टफोन नहीं बनाता है। उसके अधिकांश आईफोन चीन में बनते हैं। हालांकि, भारत में अब एपल के कुल उत्पादन का लगभग 15 प्रतिशत हिस्सा बनता है, जो सालाना लगभग 40 मिलियन यूनिट है। हाल ही में दिए एक इंटरव्यू में एपल के सीईओ टिम कुक ने बताया था कि अमेरिकी बाजार में बिकने वाले 50 प्रतिशत आईफोन भारत में बन रहे हैं। कुक ने कहा कि अप्रैल-जून तिमाही में अमेरिका में बिकने वाले आईफोन्स के लिए भारत कंट्री ऑफ ओरिजिन बन जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि एयरपॉड्स और एपल वॉच जैसे अन्य उत्पाद मुख्य रूप से वियतनाम में बनाए जा रहे हैं।