Breaking News in Hindi

छह राज्यों ने किशाऊ बांध पर सहमति जतायी

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की मौजूदगी में हुआ हस्ताक्षर

यमुना का हाल भी सुधरेगा इससे

केंद्र सरकार नब्बे फीसद खर्च करेगी

सभी राज्यों के सीएम मौजूद थे वहां

राष्ट्रीय खबर

नई दिल्ली: छह राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने आज यमुना नदी के कायाकल्प के लिए किशाऊ बहुउद्देशीय बांध परियोजना समझौते पर हस्ताक्षर किए। इन राज्यों में उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, हरियाणा, राजस्थान और दिल्ली शामिल हैं। इस महत्वपूर्ण समझौते पर नई दिल्ली में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की उपस्थिति में हस्ताक्षर किए गए।

इस अवसर पर बोलते हुए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने विश्वास जताया कि एक बार यह परियोजना पूरी हो जाने पर यह इतिहास का एक महत्वपूर्ण अध्याय बन जाएगी। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने किशाऊ परियोजना को एक राष्ट्रीय परियोजना घोषित किया है। इस परियोजना के वित्तीय बोझ का लगभग 90 प्रतिशत हिस्सा केंद्र सरकार वहन करेगी, जबकि शेष 10 प्रतिशत खर्च सभी प्रतिभागी राज्यों द्वारा उठाया जाएगा।

अमित शाह ने कहा कि जब से रेखा गुप्ता दिल्ली की मुख्यमंत्री बनी हैं, तब से यमुना नदी की सफाई के लिए निरंतर कार्य किए जा रहे हैं। उन्होंने यह भी बताया कि जब से नरेंद्र मोदी देश के प्रधानमंत्री बने हैं, तब से यह जल से जुड़ा हुआ दसवां ऐसा विवाद है जिसका समाधान अब होने जा रहा है। उन्होंने जिक्र किया कि अगस्त 2018 में सबसे पहले लखवाड़ बहुउद्देशीय परियोजना का विवाद सुलझाया गया था, और उसी महीने शाहपुर कंडी बांध परियोजना का समझौता भी तय हुआ था।

इसके अलावा, 2021 में मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश ने बुंदेलखंड के जल-संकट से ग्रस्त क्षेत्र को लाभान्वित करने के लिए केन-बेतवा लिंक प्रोजेक्ट पर सहमति बनाई थी, और जुलाई 2026 में नर्मदा परियोजना से विस्थापित परिवारों के पुनर्वास का विवाद भी सुलझा लिया गया था। इस कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सी.आर. पाटिल, केंद्रीय गृह सचिव, जल संसाधन सचिव और संबंधित राज्यों के मुख्य सचिव भी उपस्थित थे।