पूर्व की चर्चा पर अब फैसले से हो गयी अंतिम पुष्टि
राष्ट्रीय खबर
नई दिल्लीः पश्चिम बंगाल की राजनीति के जाने-माने चेहरे और पूर्व केंद्रीय रेल मंत्री दिनेश त्रिवेदी को आधिकारिक तौर पर बांग्लादेश में भारत का अगला उच्चायुक्त नियुक्त किया गया है। सोमवार को विदेश मंत्रालय द्वारा जारी एक औपचारिक बयान में इस नियुक्ति की पुष्टि की गई। दिनेश त्रिवेदी वर्तमान उच्चायुक्त प्रणय वर्मा का स्थान लेंगे, जिन्हें बेल्जियम और यूरोपीय संघ में भारत का अगला राजदूत नियुक्त किया गया है।
पिछले कई दशकों में यह पहली बार है जब ढाका जैसे महत्वपूर्ण रणनीतिक पद पर किसी पेशेवर राजनयिक के बजाय एक अनुभवी राजनेता को नियुक्त किया गया है। 75 वर्षीय त्रिवेदी को यह जिम्मेदारी ऐसे समय में दी गई है जब भारत और बांग्लादेश अपने द्विपक्षीय संबंधों को पुनर्जीवित करने का प्रयास कर रहे हैं। गौरतलब है कि अगस्त 2024 में शेख हसीना सरकार के पतन और मोहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार के दौरान दोनों देशों के संबंधों में काफी गिरावट देखी गई थी।
हालांकि, फरवरी 2026 में हुए संसदीय चुनावों में तारेक रहमान के नेतृत्व वाली बांग्लादेश नेशलिस्ट पार्टी की भारी जीत और नई सरकार के गठन के बाद संबंधों में सुधार के संकेत मिले हैं। विश्लेषकों का मानना है कि दिनेश त्रिवेदी का बंगाली भाषी होना और बंगाल की संस्कृति एवं राजनीति की गहरी समझ रखना, ढाका में भारत के हितों को साधने और जमीनी स्तर पर संवाद स्थापित करने में सहायक सिद्ध होगा।
दिनेश त्रिवेदी का राजनीतिक करियर काफी विविधतापूर्ण रहा है। वे यूपीए सरकार के दौरान तृणমূল कांग्रेस के कोटे से केंद्रीय रेल मंत्री और स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री रह चुके हैं। उन्होंने लोकसभा में बैरकपुर निर्वाचन क्षेत्र (2009-2019) का प्रतिनिधित्व किया और कई बार राज्यसभा सदस्य भी रहे। 2019 के चुनावों में हार के बाद, उन्होंने फरवरी 2021 में तृणमूल कांग्रेस से इस्तीफा दे दिया और मार्च 2021 में भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गए। विदेश मंत्रालय के अनुसार, त्रिवेदी जल्द ही ढाका में अपना कार्यभार संभालेंगे। उनकी प्राथमिकताओं में व्यापार, ऊर्जा सहयोग और दोनों देशों के बीच लोगों से लोगों के संपर्क को फिर से मजबूत करना शामिल होगा।