प्रार्थना सभा में शामिल होने के लिए आये थे स्थानीय लोग
अमहाराः इथियोपिया के अमहारा क्षेत्र में स्थित त्सदकाने डेब्रे मितमाक सेंट मैरी मठ में हुए भीषण भूस्खलन की चपेट में आने से कम से कम 14 लोगों की मौत हो गई है, जबकि 7 अन्य लोग घायल हो गए हैं। अधिकारियों के अनुसार, यह प्राकृतिक आपदा उस समय आई जब मठ के अनुयायी वहां एक विशेष प्रार्थना सेवा में शामिल होने के लिए एकत्र हुए थे।
रिपोर्ट के मुताबिक, यह दुर्घटना स्थानीय समयानुसार सुबह करीब 7 बजे भारी बारिश के कारण हुई। बारिश के चलते पहाड़ी से चट्टानों का एक बड़ा हिस्सा खिसक कर सीधे प्रार्थना कर रहे लोगों पर आ गिरा। डाइओसीज के जनरल मैनेजर मेगाबे हाडिस नेका तिबेब अबाबु ने बताया कि मारे गए कई लोग पुरानी बीमारियों से मुक्ति पाने के लिए आयोजित पवित्र जल अनुष्ठान और विशेष प्रार्थना में हिस्सा लेने आए थे।
मठ में मृतकों में से 11 लोगों को वहीं दफनाया गया, जबकि शेष तीन शवों को उनके पैतृक गांवों में भेज दिया गया। अंतिम संस्कार का नेतृत्व इथियोपियाई ऑर्थोडॉक्स चर्च के नॉर्थ शेवा डाइओसीज के प्रमुख आर्कबिशप आबुने क्लेमेंटोस ने किया। मलबे के नीचे अभी भी और लोगों के फंसे होने की आशंका है, जिससे मृतकों की कुल संख्या बढ़ने का डर बना हुआ है।
स्थानीय वरिष्ठ अधिकारी डग्नाचेव एजबीते ने बताया कि इस दुर्घटना में घायल हुए 7 लोगों में से 5 की हालत गंभीर है, जिन्हें इलाज के लिए 43 मील दूर नॉर्थ शेवा एडमिनिस्ट्रेटिव जोन की राजधानी डेब्रे बिरहान ले जाया गया है। स्थानीय निवासियों, आपातकालीन सेवाओं, स्वास्थ्य कर्मियों और सुरक्षा बलों द्वारा राहत एवं बचाव कार्य तेजी से जारी है। यह भूस्खलन ऐसे समय में हुआ है जब देश में मानसूनी बारिश (जिसे किरेमट कहा जाता है) का दौर चल रहा है, जो आमतौर पर जून से सितंबर तक रहता है। इथियोपिया में भारी बारिश के कारण इस तरह की आपदाएं पहले भी कई जिंदगियां निगल चुकी हैं।