Breaking News in Hindi

Global Kashmiri Pandit Conclave: ‘वापसी ही सबसे सच्ची जीत है’, श्रीनगर में बोले उपराज्यपाल मनोज सिन्हा

श्रीनगर: श्रीनगर में आयोजित ‘ग्लोबल कश्मीरी पंडित कॉन्क्लेव’ में कश्मीरी पंडित समुदाय की वापसी और पुनर्वास का मुद्दा प्रमुखता से छाया रहा। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने समुदाय को संबोधित करते हुए कहा कि अब समय आ गया है कि कश्मीरी पंडित अपनी जड़ों से दोबारा जुड़ें और बदलते जम्मू-कश्मीर के भविष्य में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं। उन्होंने इस वापसी को समुदाय की सबसे बड़ी जीत करार दिया।

🏭 निवेश और विकास की अपील

एलजी मनोज सिन्हा ने देश-विदेश में बसे कश्मीरी पंडितों से जम्मू-कश्मीर में उद्योग, शैक्षणिक और सांस्कृतिक संस्थान स्थापित करने की अपील की। उन्होंने कहा कि ये संस्थान न केवल उनकी विरासत को जीवित रखेंगे, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए अवसरों के द्वार भी खोलेंगे। उन्होंने 1990 के दशक के विस्थापन के दर्द को याद करते हुए समुदाय के साहस और संघर्ष की सराहना की।

🔄 एपेक्स कमेटी को फिर किया जाएगा सक्रिय

मुख्यमंत्री के सलाहकार नासिर असलम वानी ने कश्मीरी पंडितों की ससम्मान वापसी पर ज़ोर देते हुए कहा कि सरकार 2009 में गठित ‘एपेक्स कमेटी’ को पुनर्जीवित करेगी। यह कमेटी पंडितों की वापसी और पुनर्वास योजनाओं की निगरानी के लिए एक महत्वपूर्ण कड़ी साबित होगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि पिछली योजनाओं की कमियों को दूर कर अब एक नया, व्यावहारिक ‘रोडमैप’ तैयार किया जाएगा।

🤝 ‘पंडितों के बिना कश्मीर अधूरा’

नासिर असलम वानी ने एक भावुक अपील करते हुए कहा कि कश्मीर की पूर्णता पंडित और मुस्लिम समुदाय के आपसी मेलजोल में ही निहित है। उन्होंने दोनों समुदायों से पुरानी कड़वाहट छोड़कर बातचीत का रास्ता अपनाने का आग्रह किया। सरकार ने यह प्रतिबद्धता जताई है कि कश्मीरी पंडितों के प्रतिनिधियों के साथ मिलकर ठोस कदम उठाए जाएंगे ताकि वे न केवल वापस लौटें, बल्कि घाटी के समग्र विकास में सक्रिय भागीदार बनें।