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आदित्य वर्मा ने जय शाह का ध्यान आकृष्ट किया

  • कोरोना काल में हर किसी की सुध ली थी

  • पेंशन होने से गरीब खिलाड़ियों को राहत

  • आईपीएल विवाद से चर्चा में आये थे वह

राष्ट्रीय खबर

रांचीः पूर्व क्रिकेटर और बिहार क्रिकेट के कर्ताधर्ता आदित्य वर्मा ने भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड के सचिव जय शाह से उन खिलाड़ियों पर भी ध्यान देने का अनुरोध किया है, जो एकाध रणजी मैच खेल चुके हैं। उनके मुताबिक किसी कारणवश जो खिलाड़ी इससे आगे नहीं खेल पाये, उनमें से कई लोग अभी आर्थिक तंगी और बदहाली का सामना कर रहे हैं। ऐसी स्थिति में सबसे अमीर भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड को उनकी मदद के लिए आगे आना चाहिए। उन्होंने एक वीडियो संदेश में यह बात कही है।

श्री वर्मा ने कहा है कि युवा और ऊर्जावान जय शाह ने इससे पहले भी संकट की घड़ी में अपनी मानवीय सोच का परिचय दिया है। कोरोना काल में जब सब कुछ थम गया था, जय शाह क्रिकेट से जुड़े हर छोटे बड़े व्यक्ति का पूरा ख्याल रख रहे थे। इस दौरान खिलाड़ियों और अंपायरों के अलावा उन्होंने तमाम ग्राउंड्समैन तक की सुध ली थी। इससे स्पष्ट है कि वह लोगों की जरूरतों और समय की मांग को एक बेहतर इंसान के तौर पर समझ सकते हैं।

श्री वर्मा ने कहा कि उनकी जानकारी में कई पूर्व रणजी खिलाड़ी ऐसे हैं,जो इनदिनों आर्थिक संकट में है। ऐसे खिलाड़ियों में कई लोग हैं, जो अत्यंत प्रतिभावान तो थे पर दूसरे कारणों से अपने खेल को आगे नहीं बढ़ा सके। वर्तमान स्थिति में भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड को ऐसे खिलाड़ियों की मदद के लिए आगे आना चाहिए। इस अमीर खेल संस्था की तरफ से अगर ऐसे खिलाड़ियों को पेंशन का इंतजाम किया जाता है तो यह वैसे गरीब खिलाड़ियों के लिए बहुत बड़ी मदद होगी।

उल्लेखनीय है कि आदित्य वर्मा को पूरे भारतीय क्रिकेट में गंभीरता से इसलिए लिया जाता है क्योंकि उन्होंने आईपीएल की सट्टेबाजी के मामले में उस वक्त के सर्वशक्तिमान अध्यक्ष श्रीनिवासन से सीधा युद्ध छेड़ दिया था। उनकी कानूनी लड़ाई का नतीजा यह निकला कि श्रीनिवासन को अंततः बोर्ड से हटना पड़ा था। इसके बाद से ही आदित्य वर्मा की हर बात को क्रिकेट जगत में गंभीरता से लिया जाता है।