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डोनाल्ड ट्रंप की गिरती लोकप्रियता का असर ऑस्ट्रेलिया तक पहुंचा

वहां बनने वाले ट्रंप टावर परियोजना स्थगित

एजेंसियां

क्वींसलैंडः ऑस्ट्रेलिया के क्वींसलैंड राज्य में स्थित गोल्ड कोस्ट पर बनने वाले देश के पहले ट्रंप टावर की महत्वाकांक्षी योजना को केवल तीन महीने के भीतर ही रद्द कर दिया गया है। स्थानीय डेवलपर ने इसके पीछे मुख्य कारण डोनाल्ड ट्रंप के ब्रांड का विषाक्तहो जाना बताया है। यह परियोजना न केवल अपने विशाल आकार के कारण चर्चा में थी, बल्कि अंतरराष्ट्रीय राजनीति और ब्रांडिंग विवादों का भी केंद्र बन गई थी।

फरवरी 2026 में एल्टस प्रॉपर्टी ग्रुप द्वारा घोषित यह 91-मंजिला टावर ऑस्ट्रेलिया की सबसे ऊंची इमारत होने वाली थी। इस 1.5 बिलियन डॉलर की परियोजना में 285 कमरों वाला एक लग्जरी होटल, हाई-एंड रिटेल प्लाजा, रेस्तरां और शानदार अपार्टमेंट शामिल थे। इसे 2032 के ब्रिस्बेन ओलंपिक से पहले तैयार करने का लक्ष्य रखा गया था। एल्टस के सीईओ डेविड यंग ने इस सौदे की नींव लगभग 20 साल पहले 2007 में इवांका ट्रंप को एक कोल्ड कॉल करके रखी थी।

डेविड यंग के अनुसार, ईरान के साथ चल रहे युद्ध और अमेरिका की घरेलू राजनीति के कारण ऑस्ट्रेलिया में ट्रंप ब्रांड के प्रति भारी असंतोष पैदा हुआ है। परियोजना की घोषणा के साथ ही इसके खिलाफ एक याचिका शुरू हुई, जिस पर 1,40,000 से अधिक लोगों ने हस्ताक्षर किए। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि वे अमेरिका में बढ़ती सामाजिक विभाजन और प्रवासी विरोधी हिंसा के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराना चाहते हैं।

यंग ने लिंक्डइन पर एक पोस्ट में लिखा कि हालांकि विरोध प्रदर्शन अनुचित थे, लेकिन ब्रांड अब ऑस्ट्रेलिया में इतना विवादित हो गया है कि इसके साथ आगे बढ़ना संभव नहीं है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे अब अन्य अंतरराष्ट्रीय लग्जरी ब्रांडों के साथ बातचीत कर रहे हैं ताकि इस स्थान पर कुछ और बनाया जा सके।

दूसरी ओर, ट्रंप संगठन ने डेवलपर के इन दावों को पूरी तरह खारिज कर दिया है। संगठन की प्रवक्ता किम्बर्ली बेंजा ने एक बयान में कहा कि एल्टस प्रॉपर्टी ग्रुप समझौते की बुनियादी वित्तीय शर्तों को पूरा करने में विफल रहा। उन्होंने डेविड यंग के बयानों को उनकी खुद की आर्थिक विफलताओं से ध्यान भटकाने वाली एक चाल करार दिया। उनके अनुसार, यह सौदा डेवलपर की डिफॉल्ट स्थिति के कारण रद्द हुआ है, न कि वैश्विक घटनाओं की वजह से।

गोल्ड कोस्ट के मेयर टॉम टेट, जो पूर्व में ट्रंप के समर्थक रहे हैं, उन्होंने स्पष्ट किया कि सीटी काउंसिल को कभी भी इस परियोजना का औपचारिक आवेदन प्राप्त ही नहीं हुआ था। यह मामला अब दो निजी पक्षों के बीच कानूनी और सार्वजनिक विवाद का रूप ले चुका है, जिसने ऑस्ट्रेलिया में अंतरराष्ट्रीय ब्रांडिंग के भविष्य पर एक नई बहस छेड़ दी है।