बमबारी के बाद भी लगातार मिसाइल बना रहा है ईरान
एजेंसियां
वाशिंगटनः ईरान के परमाणु केंद्रों नतंज और इस्फ़हान पर अमेरिका और इजरायल द्वारा लगातार बमबारी करने के आरोप लग रहे हैं। इतना ही नहीं, अमेरिका का दावा है कि ईरान के मिसाइल उत्पादन केंद्रों को भी निशाना बनाया जा रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान के एक के बाद एक शस्त्रागारों को नष्ट करने के जो दावे कर रहे हैं, उनके विपरीत यह देखा गया है कि हमलों के बावजूद ईरान के मिसाइल भंडार में कोई कमी नहीं आई है और वह लगातार मिसाइल हमले कर रहा है। इस स्थिति के बीच अमेरिकी खुफिया एजेंसियों की एक चौंकाने वाली रिपोर्ट सामने आई है।
इस रिपोर्ट में मिसाइलों की सटीक संख्या का उल्लेख तो नहीं किया गया है, लेकिन यह दावा किया गया है कि ईरान के पास अभी भी पर्याप्त मात्रा में हथियार मौजूद हैं। अमेरिकी रक्षा सचिव पीट हेगसेथ ने बार-बार यह दोहराया है, अगर उन्होंने (ईरान) मिसाइलें दागी हैं, तो अमेरिका ने भी उनकी कई मिसाइलों को नष्ट कर दिया है। दूसरी ओर, व्हाइट हाउस की प्रवक्ता एना केली ने दावा किया है कि ईरान के मिसाइल और ड्रोन हमलों में 90 प्रतिशत की कमी आई है। उनके अनुसार, ईरान के मिसाइल उत्पादन के दो-तिहाई केंद्र भी पूरी तरह ध्वस्त कर दिए गए हैं।
हालांकि, जमीनी हकीकत और खुफिया रिपोर्ट के संकेत बताते हैं कि हमलों के तुरंत बाद ईरान अपने उत्पादन केंद्रों की युद्ध स्तर पर मरम्मत कर रहा है ताकि उसकी सैन्य क्षमता प्रभावित न हो। वाशिंगटन में इस बात को लेकर बहस तेज है कि क्या अमेरिकी कार्रवाई ईरान की युद्धक क्षमता को रोकने में वास्तव में सफल रही है या तेहरान ने जवाबी हमलों के लिए अपनी ताकत फिर से जुटा ली है।