राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री ने चीनी के दाम बढ़ने पर नाराजगी जतायी
पंद्रह दिनों में कीमतें बढ़ गयी हैं
जनता की जेब पर डाका डाल रही सरकार
चंद लोगों को फायदा पहुंचाने की साजिश
राष्ट्रीय खबर
जयपुरः राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शनिवार को पेट्रोल में इथेनॉल सम्मिश्रण को बढ़ाने को लेकर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि इस नीति के कारण चीनी की कीमतें बढ़ रही हैं और आम जनता पर अतिरिक्त वित्तीय बोझ पड़ रहा है।
कांग्रेस नेता ने एक बयान में दावा किया कि गन्ने के एक बड़े हिस्से को चीनी उत्पादन से हटाकर इथेनॉल की ओर मोड़ा जा रहा है, जिससे बाजार में चीनी की उपलब्धता कम हो गई है। उन्होंने कहा, महज 15 दिनों में चीनी की कीमतें 14 से 17 रुपये प्रति किलोग्राम तक बढ़ गई हैं।
उन्होंने यह भी दावा किया कि इथेनॉल का बढ़ता सम्मिश्रण वाहन इंजनों को प्रभावित कर रहा है और माइलेज को कम कर रहा है, जिससे वाहन मालिकों का खर्च और बढ़ रहा है। गहलोत ने कहा, यह आम लोगों की मेहनत की कमाई पर सीधे हमले के अलावा और कुछ नहीं है।
उन्होंने आरोप लगाया कि इस नीति से मुट्ठी भर उद्योगपतियों और सरकार को फायदा हो रहा है, जबकि इसका परिणाम आम जनता को भुगतना पड़ रहा है। पूर्व मुख्यमंत्री ने इथेनॉल उत्पादन से जुड़े वायु और जल प्रदूषण पर भी चिंता जताई और आरोप लगाया कि केंद्र सरकार ने बिना पर्याप्त तैयारियों के ही सम्मिश्रण बढ़ाने का कदम उठाया है। उन्होंने कहा, मोदी सरकार ने अब आम जनता का भरोसा खो दिया है और परिणामस्वरूप वह उन्हें समझाने में असमर्थ है।