Breaking News in Hindi

सम्राट चौधरी थोपा हुआ सीएम हैः प्रशांत किशोर

चुनाव पूर्व दी गयी चेतावनी अब सच साबित हो गयी

राष्ट्रीय खबर

पूर्णिया: जन सुराज के सूत्रधार और पूर्व राजनीतिक रणनीतिकार प्रशांत किशोर ने बिहार की राजनीति में हुए ताजा नेतृत्व परिवर्तन पर तीखा प्रहार किया है। बुधवार को पूर्णिया में पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी ने बिहार की जनता पर एक नया मुख्यमंत्री थोपा है। किशोर ने नीतीश कुमार के इस्तीफे और सम्राट चौधरी के मुख्यमंत्री बनने की प्रक्रिया को अलोकतांत्रिक और अमर्यादित करार दिया है।

प्रशांत किशोर ने कहा कि 2025 के विधानसभा चुनावों में बिहार की जनता ने नीतीश कुमार के नाम पर एनडीए को जनादेश दिया था। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने उस जनादेश को किनारे कर दिया है। किशोर ने कहा, बिहार में भाजपा ने मुख्यमंत्री को थोपा है। जनादेश नीतीश कुमार के नाम पर मिला था, लेकिन सम्राट चौधरी को पिछले दरवाजे से मुख्यमंत्री बना दिया गया। जिस तरह से सरकार बनी है, वह न तो लोकतांत्रिक है और न ही गरिमापूर्ण। उन्होंने आगे कहा कि आदर्श रूप में लोकतंत्र में सम्राट चौधरी के लिए नया जनादेश मांगा जाना चाहिए था, लेकिन सत्ता पक्ष ऐसा कभी नहीं करेगा।

प्रशांत किशोर ने एनडीए द्वारा जीती गई 202 सीटों पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि 2025 के चुनाव में एनडीए ने 25 से 30, फिर से नीतीश का नारा देकर वोट मांगे थे, लेकिन अब वे अपने वादे से मुकर गए हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि यह बहुमत पिछले दरवाजे से लोगों को पैसे बांटकर हासिल किया गया था। किशोर ने उम्मीद जताई कि नई सरकार अपने ऊंचे वादों, जैसे एक करोड़ नौकरियां, पलायन रोकना और हर ब्लॉक में अच्छे स्कूल बनाना, को पूरा करेगी।

सम्राट चौधरी पर व्यक्तिगत हमला करते हुए किशोर ने उनकी शैक्षिक योग्यता और अतीत के रिकॉर्ड पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा, बिहार चाणक्य और आर्यभट्ट की धरती है। जो भाजपा आचरण और चरित्र की बात करती है, उसने हमें ऐसा मुख्यमंत्री दिया है जिसकी शैक्षणिक योग्यता और पिछला रिकॉर्ड संदिग्ध है।

अपने संगठन जन सुराज के 2025 के चुनावी प्रदर्शन पर टिप्पणी करते हुए किशोर ने कहा कि हारना कोई अपराध नहीं है। उन्होंने गर्व से कहा, जन सुराज ने भ्रष्टाचार नहीं किया और न ही समाज को जाति या धर्म के नाम पर बांटा। हमने वोट नहीं खरीदे और न ही जनादेश के विपरीत किसी को मुख्यमंत्री बनाने की साजिश रची। बता दें कि 2025 के चुनावों में जन सुराज एक भी सीट जीतने में सफल नहीं रहा था, जिसे किशोर ने संघर्ष की शुरुआत बताया।