असम में 40 सीटों पर नए चेहरों को उतारेगी बीजेपी
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कांग्रेस ने बीजेपी की चुप्पी पर उठाए सवाल
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गुवाहाटी हाईकोर्ट का असम सीएम को नोटिस
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अवैध अफीम की खेती को खत्म किया गया
भूपेन गोस्वामी
गुवाहाटी: असम की राजनीति में इस गुरुवार को कई बड़े घटनाक्रम एक साथ सामने आए। सबसे महत्वपूर्ण मामले में, गुवाहाटी हाई कोर्ट ने मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा को उनके कथित “नफरत भरे भाषणों” के लिए नोटिस जारी किया है। कोर्ट ने कड़ी टिप्पणी करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री के बयान “अलगाववादी प्रवृत्ति” को दर्शाते हैं। चीफ जस्टिस आशुतोष कुमार की बेंच ने केंद्र, राज्य सरकार और डीजीपी से भी इस पर जवाब मांगा है। यह मामला एक वायरल वीडियो और ‘मिया’ समुदाय के खिलाफ उनके अपमानजनक बयानों से जुड़ा है।
विवादों के बीच, मुख्यमंत्री सरमा ने आगामी विधानसभा चुनावों के लिए भाजपा की रणनीति का खुलासा किया है। जोरहाट में उन्होंने संकेत दिया कि पार्टी इस बार 103 सीटों पर चुनाव लड़ेगी, जिसमें लगभग 40 नए चेहरों को मैदान में उतारा जा सकता है। वर्तमान में भाजपा के पास 63 विधायक हैं, लेकिन बड़े पैमाने पर फेरबदल की तैयारी है। सूत्रों के अनुसार, 80 सीटों पर उम्मीदवारों के नाम लगभग तय हो चुके हैं, जिन्हें केंद्रीय नेतृत्व की मंजूरी का इंतजार है।
कछार जिले के पैलापूल में देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू की 10 फीट ऊंची प्रतिमा को जेसीबी से गिराए जाने पर राज्य में राजनीतिक उबाल है। शुरुआत में प्रशासन ने इसे स्वतः गिरने वाली घटना बताया, लेकिन सीसीटीवी फुटेज में उपद्रवियों को बुलडोजर से मूर्ति तोड़ते हुए देखा गया। कांग्रेस नेता गौरव गोगोई ने सरकार की चुप्पी पर सवाल उठाते हुए इसे स्वतंत्रता सेनानियों का अपमान बताया है। पुलिस ने इस मामले में एक व्यक्ति को हिरासत में लिया है और खुदाई मशीन जब्त कर ली है।
असम राइफल्स ने मणिपुर के सेनापति जिले में एक बड़े संयुक्त अभियान के तहत 80 एकड़ में फैली अवैध अफीम की खेती को नष्ट कर दिया। सीआरपीएफ और राज्य पुलिस के साथ मिलकर किए गए इस ऑपरेशन में लगभग 580 किलो अफीम की फसल उखाड़ी गई, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करोड़ों रुपये आंकी गई है।