Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
MP POCSO Cases: मध्य प्रदेश में न्याय की सुस्त रफ्तार, पॉक्सो ट्रायल में लग रहे 380 दिन; 10 हजार से ... MP Police New Rules: मध्य प्रदेश में अब पुलिस नहीं कर पाएगी मनमानी, गिरफ्तारी का लिखित आधार देना अनि... Guna Railway Update: अंडरब्रिज में पानी भरते ही बज उठेगा अलार्म, गुना में रेलवे का हाईटेक प्रयोग; CC... जमानत पर छूटे अपहरण के आरोपी की बेरहमी से हत्या, पीड़िता के परिवार ने फोड़ डाली आंखें; कुएं में फेंक... Ujjain News: नारी शक्ति वंदन अधिनियम की खुशी में महिलाओं का 'चौका-छक्का', उज्जैन में आयोजित हुई अनोख... MP Weather Alert: मध्य प्रदेश में 43 डिग्री के साथ नर्मदापुरम सबसे गर्म, भीषण गर्मी के कारण बदला स्क... MP Road Revolution: नर्मदापुरम से खुलेगा दिल्ली-मुंबई का सीधा रास्ता, मध्य प्रदेश में सड़क क्रांति स... MP News: मध्यप्रदेश में अब नहीं जलेगी पराली, मल्चर मशीन से खाद बनेगी फसल के अवशेष; जानें कैसे बढ़ेगी ... Dewas: देवास में अचानक हथौड़ा लेकर क्यों दौड़े कलेक्टर ऋषव गुप्ता? सामने आई इसके पीछे की ये दिलचस्प ... MP Weather Update: मध्य प्रदेश में गर्मी का टॉर्चर, दोपहर 12 से 3 बजे तक 'नो गो जोन' घोषित; भट्टी की...

आरएस भट्टी फिर सेंट्रल डेपुटेशन में जाएंगे ?

सीआईएसएफ की डीजी नीना सिंह 31 जुलाई को होंगी रिटायर


  • अधिकांश समय केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर रहे ह

  • राज्य की सेवा दे रहे अफसर दरकिनार हैं क्यों

  • पुलिस मुख्यालय की व्यवस्था गड़बड़ हो चुकी है


दीपक नौरंगी

भागलपुरः आईएएस रैंक और आईपीएस पदाधिकारी में फिर से चर्चा शुरू हो गई है कि वर्तमान डीजीपी राजविंदर सिंह भट्टी साहब केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर जा सकते हैं। 31 जुलाई को सीआईएसएफ के पद से डीजी नीना सिंह रिटायर हो जाएगी। वर्तमान डीजीपी राजविंदर सिंह भट्टी शुरू से ही प्रयासरत है कि सीआईएसएफ के डीजी पद पर उनकी तैनाती हो जाए लेकिन 31 जुलाई के रिटायर के बाद ही मालूम पड़ेगा कि सीआईएसएफ का डीजी कौन बनेगा।

1990 बैच के आईपीएस पदाधिकारी राजविंदर सिंह भट्टी जो शुरू से ही कई वर्षों तक लगातार केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर तैनात रहे हैं। जिस परिस्थिति में वह बिहार के डीजीपी बने वह परिस्थितियों तो उनके अनुकूल थी लेकिन वर्तमान समय में बिहार में बढ़ते आपराधिक घटनाओं और राजनीतिक समीकरण को लेकर डीजीपी के मन में कुछ और ही चल रहा है कि वह वापस अब केंद्रीय प्रतिनियुक्ति चले जाएं।

कहा जाने लगा है कि बिहार में जिस पदाधिकारी के पास पैरवी है उसे पदाधिकारी का हर कार्य आसानी से हो जाता है। जो पदाधिकारी केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर रहा है जिस पदाधिकारी ने बिहार में अपनी सेवा नहीं के बराबर दी है वैसे पदाधिकारी को केंद्र में भी बेहतर पोस्टिंग मिलती है और बिहार लौटने पर भी बेहतर पोस्टिंग मिलती है।

जैसे की 2002 बैच के आईपीएस पदाधिकारी राकेश राठी साहब को तीन वर्ष हुआ केंद्रीय प्रतिनियुक्ति वह लौटे उन्हें सरकार ने कई महत्वपूर्ण पोस्ट दे दिया। वर्तमान डीजीपी राजविंदर सिंह भट्टी के करीबी होने के कारण उन्हें फिर से दोबारा आईजी मुख्यालय बनाया गया।

ऐसे में सवाल यह उठता है कि जो पदाधिकारी बिहार राज्य में अपनी सेवा दे रहे हैं उनका वैल्यू जीरो है वैसे पदाधिकारी की कोई वैल्यू नहीं है जो पदाधिकारी केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर रहे उन्हें मनचाहा पोस्टिंग मिलते रहा। हाल फिलहाल तीन दिनों से पुलिस मुख्यालय के महत्वपूर्ण कार्य ठप पड़े हैं।

बताया जाता है कि सभी आईपीएस पदाधिकारी की ध्यान दूसरी ओर है जिसकी मुख्य वजह है बिहार में वर्तमान डीजीपी राजविंदर सिंह भट्टी का लगातार दिल्ली जाना पदाधिकारी में चर्चा हो रही है कि यह केंद्रीय प्रतिनियुक्ति जाना चाहते हैं। यह चर्चा है कि अब अगला डीजीपी कौन होगा। जिस परिस्थिति में पुलिस मुख्यालय में कार्य हो रहा है ऐसी स्थिति पहले कभी बनी नहीं यह भी चर्चा पुलिस कर्मियों में देखी जा रही है।