Breaking News in Hindi

आधुनिक विज्ञान को पहले ही पीछे छोड़ आयी हैं चींटियां, देखें वीडियो

प्राकृतिक तौर पर क्लोनिंग की तकनीक का प्रयोग

दो अलग अलग प्रजातियों का कारनामा

रानी चीटिंया नरों का क्लोन बना रही हैं

अपने लिए मजदूर पैदा करने की विधि

राष्ट्रीय खबर

रांचीः प्रकृति हमेशा से अपने रहस्यों से वैज्ञानिकों को हैरान करती आई है और प्रतिष्ठित वैज्ञानिक जर्नल नेचर में प्रकाशित एक हालिया अध्ययन ने इस बात को फिर से साबित कर दिया है। जीव विज्ञान के स्थापित नियमों के अनुसार, सामान्यतः कोई भी जीव अपनी ही प्रजाति की संतान को जन्म देता है।

लेकिन स्पेन और भूमध्यसागरीय क्षेत्रों में पाई जाने वाली इबेरियन हार्वेस्टर चींटी की रानी ने इस सर्वमान्य नियम को चुनौती देते हुए एक ऐसा कारनामा कर दिखाया है, जिसने वैज्ञानिकों को भी अचरज में डाल दिया है। इस प्रजाति की रानी चींटी अपनी ही कॉलोनी में एक दूसरी और बिल्कुल भिन्न प्रजाति (मेसर स्ट्रक्टर) के नरों का क्लोन तैयार कर रही है। इतिहास में यह पहला मौका है जब किसी जीव में प्राकृतिक रूप से क्रॉस-स्पीशीज क्लोनिंग का ऐसा मामला सामने आया है।

देखें इससे संबंधित वीडियो

इस अनोखी प्रजनन प्रक्रिया के पीछे एक दिलचस्प जैविक चक्र और इतिहास छिपा है। वैज्ञानिक विश्लेषण के अनुसार, मेसर इबिराकस और मेसर स्ट्रक्टर प्रजातियां आज से लगभग 50 लाख साल पहले एक-दूसरे से अलग हो गईं थीं। हालांकि समय के साथ ये दोनों अलग प्रजातियां बन गईं, लेकिन मेसर इबिराकस की रानियां अपनी कॉलोनी के लिए काम करने वाली मजदूर चींटियां खुद पैदा नहीं कर सकतीं। इसके लिए उन्हें दूसरी प्रजाति मेसर स्ट्रक्टर के नरों के साथ संकरण की आवश्यकता होती है। शुरुआत में यह एक प्रकार का यौन परजीवीवाद था, जहां इन्हें दूसरी प्रजाति के नरों पर निर्भर रहना पड़ता था।

समय के साथ इन चींटियों ने उत्तरजीविता का एक नायाब तरीका खोज निकाला जिसे वैज्ञानिकों ने जेनोपैरी नाम दिया है। इस प्रक्रिया में रानी चींटी अपने शरीर में स्टोर किए गए दूसरे कीड़े के स्पर्म या आनुवंशिक सामग्री का इस्तेमाल करके उसी दूसरी प्रजाति के नरों का क्लोन अपनी ही कोख से पैदा कर देती है।

ठीक उसी तरह जैसे इंसान मवेशियों को पालतू बनाकर उनकी नस्ल नियंत्रित करते हैं, इन चींटियों ने प्रकृति में खुद-ब-खुद दूसरी प्रजाति के प्रजनन पर नियंत्रण पा लिया है। एक ही मां से दो अलग-अलग प्रजातियों के नर और हाइब्रिड मजदूरों का यह जन्म जीवों के क्रमिक विकास और आनुवंशिकी के क्षेत्र में एक क्रांतिकारी खोज है, जो भविष्य में कई बड़े वैज्ञानिक रहस्यों से पर्दा उठाएगी।

#AntEvolution #CrossSpeciesCloning #ScienceNews #NatureResearch #BiologyMiracle #विज्ञानसमाचार #चींटीरहस्य #क्लोनिंग #जीवविज्ञान #प्रकृतिअद्भुत