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यह स्प्रे एक सेकंड में खून बहना रोक देगा, देखें वीडियो

युद्ध के मैदान और दुर्घटनास्थलों पर अत्यंत कारगर होगी विधि

  • घायल सैनिकों के लिए मददगार तरीका

  • छिड़कते ही यह जेल में बदल जाता है

  • एजीसीएल पाउडर से इसे बनाया गया

राष्ट्रीय खबर

रांचीः अत्यधिक खून बहना युद्ध के मैदान में होने वाली मौतों का सबसे बड़ा कारण है। सैन्य चिकित्सा में तेजी से रक्तस्राव को रोकना हमेशा से एक बड़ी चुनौती रहा है। केस्ट के शोधकर्ताओं ने, जिनमें सेना के एक मेजर भी शामिल हैं, अगली पीढ़ी का एक ऐसा स्प्रे-ऑन पाउडर विकसित किया है जो गंभीर रक्तस्राव को लगभग एक सेकंड में रोक सकता है। यह नवाचार घायल सैनिकों के बचने की संभावना को काफी बढ़ा सकता है और नागरिक आपातकालीन देखभाल में भी बेहद मददगार साबित हो सकता है।

केस्ट के सामग्री विज्ञान और इंजीनियरिंग विभाग के प्रोफेसर स्टीव पार्क और जैविक विज्ञान विभाग के प्रोफेसर सांगयोंग जोन के नेतृत्व में शोध टीम ने एक पाउडर-आधारित हेमोस्टैटिक एजेंट (रक्तस्राव रोकने वाला पदार्थ) बनाया है। घाव पर स्प्रे करने पर यह तुरंत एक मजबूत हाइड्रोजेल परत में बदल जाता है। सेना के एक मेजर की प्रत्यक्ष भागीदारी के कारण इसे युद्ध के मैदान की वास्तविक परिस्थितियों को ध्यान में रखकर डिजाइन किया गया है। यह पाउडर तुरंत सख्त हो जाता है, भंडारण के दौरान स्थिर रहता है, और कठिन परिस्थितियों में भी तेजी से काम करता है।

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पारंपरिक पैच वाले उत्पाद गहरे या असमान घावों पर बेअसर हो जाते हैं और तापमान के प्रति संवेदनशील होते हैं। इस सीमा को दूर करने के लिए शोधकर्ताओं ने एजीसीएल पाउडर विकसित किया जो किसी भी आकार के घाव में समा जाता है। यह प्राकृतिक अवयवों—एल्गिनेट, गेलन गम और चिटोसन से बना है। जब यह रक्त के संपर्क में आता है, तो रक्त में मौजूद कैल्शियम जैसे धनायनों के साथ प्रतिक्रिया करके सिर्फ एक सेकंड में जेल में बदल जाता है।

यह पाउडर अपने वजन से सात गुना अधिक खून सोख सकता है, जिससे भारी रक्तस्राव भी तुरंत रुक जाता है। प्रयोगशाला परीक्षणों में इसे पूरी तरह सुरक्षित पाया गया है, जिसमें 99.9 फीसद एंटीबैक्टीरियल प्रभाव देखा गया। पशुओं पर किए गए परीक्षणों में इससे घाव तेजी से भरे और लिवर की कार्यप्रणाली दो सप्ताह में सामान्य हो गई। साथ ही, उच्च आर्द्रता में भी यह दो साल तक सुरक्षित रह सकता है।

मूल रूप से रक्षा क्षेत्र के लिए विकसित इस तकनीक का उपयोग नागरिक आपातकालीन चिकित्सा, आपदा प्रबंधन और सर्जरी में भी किया जा सकता है। इसे स्पिन-ऑफ (रक्षा तकनीक का नागरिक उपयोग) का एक बेहतरीन उदाहरण माना जा रहा है। इस शोध को अपनी वैज्ञानिक नवीनता के लिए प्रेसिडेंट अवार्ड और रक्षा मंत्री पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। प्रोजेक्ट में शामिल सेना के मेजर और पीएचडी उम्मीदवार क्युसून पार्क ने कहा, आधुनिक युद्ध का मूल मंत्र मानव जीवन के नुकसान को कम करना है। मैंने एक भी और सैनिक की जान बचाने के मिशन के साथ यह शोध शुरू किया था।

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