Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
ठाणे के सरकारी आश्रम स्कूल में 21 नाबालिग छात्राओं से छेड़छाड़: कुक का सहायक गणपत गवली गिरफ्तार, जां... लॉर्ड्स टेस्ट से पहले बाबर आजम का बड़ा खुलासा: 100% फिट नहीं, फिर भी मैदान में उतरने की तैयारी कृति सेनन के रक्षाबंधन ऐड विवाद में घसीटा गया नाम: सोनू निगम ने तोड़ी चुप्पी, वायरल पोस्ट को बताया प... 'पूछताछ के लिए नहीं, सम्मान के लिए लाई पुलिस': साइबर अवेयरनेस इवेंट में समय रैना के मजाकिया अंदाज पर... भारत में दोगुनी होंगी जापानी कंपनियां: पीयूष गोयल का बड़ा बयान, $67 बिलियन निवेश और डीपटेक कॉरिडोर प... रिलायंस-डिज्नी जॉइंट वेंचर से डिज्नी का घाटा घटा: JioStar का मुनाफा बढ़कर ₹3,145 करोड़ हुआ, रेवेन्यू... व्हाट्सएप का नया सुरक्षा कवच: अब एक अकाउंट में जोड़ सकेंगे कई Passkey, अनजान कॉल्स और हैकिंग से मिले... रक्षाबंधन 2026 पर करें अन्न, गुड़ और वस्त्र का दान; भाई के जीवन में आएगी सुख-समृद्धि और आरोग्य रात में मोबाइल स्क्रीन से मेलाटोनिन पर बुरा असर: डॉक्टर से समझें सोने से पहले स्क्रीन टाइम घटाने का ... जालंधर लेक्चरर नेहा मर्डर केस: पति उमंग और गर्लफ्रेंड की 206 पन्नों की WhatsApp चैट लीक, खुला शादी औ...

Pollution Certificate Rules: अब बिना OTP के नहीं बनेगा PUC सर्टिफिकेट; ट्रांसपोर्ट विभाग का नया अपडेट, जानें पूरी प्रक्रिया

शेरपुर: वाहन चालकों के लिए एक महत्वपूर्ण खबर है। ट्रांसपोर्ट विभाग ने पॉल्यूशन सर्टिफिकेट (PUC) जारी करने की प्रक्रिया को अधिक सुरक्षित बनाने के लिए नया सॉफ्टवेयर अपडेट लागू किया है। अब गाड़ी की आरसी (RC) से लिंक मोबाइल नंबर पर आए ओटीपी (OTP) के बिना पॉल्यूशन सर्टिफिकेट नहीं बन पाएगा।

⚠️ क्यों खड़ी हुई वाहन मालिकों के सामने नई मुसीबत?

इस नए नियम ने उन लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं जिनकी आरसी में मोबाइल नंबर अपडेट नहीं है या फिर पुराने नंबर लिंक हैं जो अब बंद हो चुके हैं। इसके अलावा, कई लोग ऐसे भी हैं जिन्होंने पुरानी गाड़ियां खरीदी हैं लेकिन आरसी को अपने नाम पर ट्रांसफर नहीं करवाया, जिससे रिकॉर्ड में अभी भी पुराने मालिक का नंबर ही दर्ज है।

📝 कैसे अपडेट करें अपना मोबाइल नंबर?

यदि आपका नंबर आरसी से जुड़ा नहीं है, तो आपको RTO ऑफिस के चक्कर लगाने पड़ेंगे। आधिकारिक प्रक्रिया के अनुसार:

  • आपको आरटीओ में जाकर दस्तावेज सत्यापित (Verify) कराने होंगे।

  • इसके बाद संबंधित क्लर्क और आरटीओ अधिकारी द्वारा आवेदन को अप्रूव किया जाएगा।

  • इस पूरी प्रक्रिया में लगभग 3 से 4 दिन का समय लग सकता है।

🚓 चालान से बचने के लिए जरूरी कदम

सरकार ने यह कदम इसलिए उठाया है ताकि सभी वाहन मालिकों के सही संपर्क सूत्र विभाग के रिकॉर्ड में दर्ज हो सकें। अक्सर चालान कटने पर वह सही पते या नंबर तक नहीं पहुँच पाता था। विभाग का मानना है कि अब इस अनिवार्य ओटीपी प्रक्रिया से वाहन मालिकों का डेटाबेस अपडेट हो जाएगा और ऑनलाइन चालान की प्रक्रिया अधिक पारदर्शी बनेगी। वाहन चालकों को सलाह दी जाती है कि वे समय रहते अपना मोबाइल नंबर अपडेट करवा लें ताकि जुर्माने से बचा जा सके।