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सऊदी अरब ने जबावी कार्रवाई के साथ नये खतरे पर आगाह किया

इराकी क्षेत्र में ड्रोन हमला किया जा रहा है

एजेंसियां

काहिरा: सऊदी अरब ने रविवार को आधिकारिक तौर पर घोषणा की कि उसने अपने हवाई क्षेत्र में अवैध रूप से प्रवेश करने वाले तीन ड्रोनों को सफलतापूर्वक इंटरसेप्ट किया है। ये ड्रोन इराकी हवाई क्षेत्र की तरफ से देश की संप्रभु सीमा में दाखिल हुए थे। किंगडम के रक्षा मंत्रालय ने इस घटना पर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि वह अपनी संप्रभुता और राष्ट्रीय सुरक्षा के किसी भी उल्लंघन के प्रयास का मुंहतोड़ जवाब देने के लिए आवश्यक सैन्य और परिचालन संबंधी कदम उठाएगा। हालांकि अप्रैल में संघर्षविराम लागू होने के बाद से ईरान संघर्ष के दौरान जारी शत्रुतापूर्ण गतिविधियों में काफी कमी आई थी, लेकिन इसके बावजूद इराक से सऊदी अरब और कुवैत सहित खाड़ी देशों की ओर ड्रोन लॉन्च किए जाने की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं।

इसी सिलसिले में रविवार को एक अन्य गंभीर घटना में, संयुक्त अरब अमीरात के एकमात्र परमाणु ऊर्जा संयंत्र के बाहरी हिस्से पर हुए ड्रोन हमले के कारण भीषण आग लग गई। यूएई के अधिकारियों ने इसे एक बिना उकसावे के किया गया आतंकवादी हमला करार दिया है। इस हमले के लिए सीधे तौर पर किसी को जिम्मेदार नहीं ठहराया गया है, लेकिन इसने क्षेत्र में फिर से युद्ध भड़कने के खतरों को बढ़ा दिया है, क्योंकि अमेरिका और ईरान दोनों ने ही एक बार फिर युद्ध के मैदान में उतरने के संकेत दिए हैं।

परमाणु संयंत्र पर हुए इस हमले में किसी के हताहत होने या रेडियोधर्मी रिसाव की खबर नहीं है। इजरायली वायु रक्षा प्रणालियों और सैन्य कर्मियों की मेजबानी करने वाले यूएई ने हाल ही में ईरान पर ड्रोन और मिसाइल हमले करने का आरोप लगाया था। इस बीच, ईरान के नियंत्रण वाले महत्वपूर्ण जलमार्ग स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज़ को लेकर भी तनाव चरम पर है, जो वर्तमान में अमेरिकी नौसेना की नाकेबंदी का सामना कर रहा है।

यूएई के रक्षा मंत्रालय के अनुसार, उनके पश्चिमी बॉर्डर (सऊदी अरब की सीमा) की तरफ से तीन ड्रोन आए थे, जिनमें से दो को इंटरसेप्ट कर लिया गया। यह बराक परमाणु संयंत्र यूएई की कुल ऊर्जा जरूरतों का एक चौथाई हिस्सा पूरा करने की क्षमता रखता है। यूएई के राष्ट्रपति के राजनयिक सलाहकार अनवर गर्गाश ने कहा कि यह हमला चाहे मुख्य देश ने किया हो या उसके किसी प्रॉक्सी (समर्थित समूह) ने, यह एक खतरनाक सैन्य उकसावा है। सऊदी अरब ने भी यूएई पर हुए इस हमले की तीव्र निंदा की और बाद में इराक की ओर से अपनी सीमा में आए तीन ड्रोनों को मार गिराने की पुष्टि की।