Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
महासमुंद: शराब दुकानों के सुरक्षाकर्मियों को 2 माह से नहीं मिला वेतन, 11 तारीख को सामूहिक इस्तीफे की... जांजगीर-चांपा: 1 करोड़ का बैंक लोन दिलाने के नाम पर 10 लाख की ठगी! फर्जी लेटर हेड बनाने वाला आरोपी इ... दंतेवाड़ा के खिलाड़ियों ने रचा इतिहास! राज्य स्तरीय खेल प्रतियोगिता में जीते कुल 69 पदक, 33 गोल्ड पर... दुर्ग में शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव का घेराव: 3000 शिक्षक भर्ती में स्पोर्ट्स टीचर का एक भी पद न हो... जशपुर में महिला व नाबालिग से अपराध पर पुलिस का बड़ा एक्शन: कुनकुरी और तपकरा से 2 आरोपी गिरफ्तार, भेज... दुर्ग में पंडित प्रदीप मिश्रा की शिव महापुराण कथा! CM विष्णुदेव साय की पत्नी कौशल्या देवी साय ने किय... कोरिया के दो बेटों ने रचा इतिहास: नेपाल में भारत को 10 साल बाद दिलाया फुटबॉल का गोल्ड मेडल, मंगलेश ब... कांकेर में स्मार्ट बिजली मीटर और महंगी दरों के खिलाफ सड़क पर उतरी कांग्रेस, मरोड़ा बाजार में चलाया ह... धमतरी में सरकारी राशन वितरण में बड़ा घोटाला! 35 की जगह दिया 20 किलो चावल, ग्रामीणों ने पुलिस में दर्... सूरजपुर में शर्मनाक वारदात: बस छूटने पर लिफ्ट/साधन का इंतजार कर रही महिला से गैंगरेप, 4 आरोपी गिरफ्त...

DSPMU News: खेल चयन और शिक्षकों की कार्यशैली पर भारी हंगामा; छात्र संघ ने कुलपति को सौंपा 7 सूत्री मांग पत्र

रांची: डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी विश्वविद्यालय (DSPMU) में छात्र हित से जुड़े विभिन्न मुद्दों को लेकर शुक्रवार को हिंदू छात्र संघ के प्रतिनिधिमंडल ने कुलपति प्रो. राजीव मोहर से मुलाकात की. इस दौरान संगठन ने 7 सूत्री मांग पत्र सौंपते हुए खेल विभाग, शिक्षकों की कार्यशैली और विश्वविद्यालय की मूलभूत सुविधाओं में कथित अनियमितताओं पर जल्द कार्रवाई की मांग की है.

वॉलीबॉल और कबड्डी टीमों में वास्तविक खिलाड़ियों की उपेक्षा

संगठन ने आरोप लगाया है कि सत्र 2025-26 में विश्वविद्यालय की वॉलीबॉल और कबड्डी टीमों में वास्तविक खिलाड़ियों की उपेक्षा कर बाहरी खिलाड़ियों को अवसर दिया गया, जबकि एथलेटिक्स, फुटबॉल और गर्ल्स टीम को लेकर भी छात्रों से लगातार शिकायतें मिल रही हैं. छात्र संघ ने इन मामलों की उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग उठाई है.

वित्तीय अनियमितता की आशंका

गौरतलब है कि खेल प्रतियोगिताओं और समारोहों में ऐसे लोगों को मेडल, प्रमाण पत्र और अन्य सुविधाएं दी गईं, जिनका विश्वविद्यालय से कोई संबंध नहीं था. खेल सामग्री की खरीद और अन्य खर्चों में भी वित्तीय अनियमितता की आशंका जताई गई है. संगठन ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है. छात्र नेताओं ने सत्र 2024-25 में DSPMU फुटबॉल टीम और बालिका फुटबॉल टीम के चयन प्रक्रिया पर भी सवाल उठाए हैं.

चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता

उनका कहना था कि कई योग्य खिलाड़ियों को टीम में जगह नहीं दी गई, जबकि चयन प्रक्रिया पारदर्शी होनी चाहिए. संगठन ने प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को उचित अवसर देने और खेल चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग की. हिंदू छात्र संघ ने विश्वविद्यालय परिसर और खेल मैदानों में नियमित खेल गतिविधियां शुरू करने तथा खिलाड़ियों के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने की भी मांग रखी.

बायोमेट्रिक उपस्थिति अनिवार्य

छात्र नेता प्रेम कुमार ने कहा कि कुलपति प्रो. राजीव मोहर खुद सुबह समय पर विश्वविद्यालय पहुंचकर जिम्मेदारी निभाते हैं और छात्रों के बीच जाकर क्लास भी लेते हैं लेकिन कई शिक्षक निर्धारित समय के बाद पहुंचते हैं और नियमित कक्षाएं नहीं लेते. उन्होंने शिक्षकों और कर्मचारियों के लिए बायोमेट्रिक उपस्थिति अनिवार्य करने तथा समय पर क्लास नहीं लेने वालों पर कार्रवाई की मांग की.

शौचालयों की खराब स्थिति पर नाराजगी

इसके अलावा नई बिल्डिंग में बने शौचालयों की खराब स्थिति पर भी नाराजगी जताई गई. संगठन ने चेतावनी दी है कि मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं होने पर आंदोलन किया जाएगा. प्रतिनिधिमंडल में जीतू कुमार, सूरज गिरी, मनजीत सिंह, अभिजीत मिश्रा, राज रे और कर्मवीर मौजूद रहे.