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Haryana Budget Session 2026: संपन्न हुआ हरियाणा का बजट सत्र, सीएम सैनी ने गिनाई उपलब्धियां; विपक्ष के सवालों पर सरकार का पलटवार

चंडीगढ़: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने बजट सत्र 2026-27 की समाप्ति के उपरांत बताया कि  यह सत्र 20 फरवरी को माननीय राज्यपाल के अभिभाषण से प्रारंभ होकर सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। उन्होंने बताया कि कुल 13 दिनों तक चले इस सत्र में 13 बैठकें आयोजित हुईं, जिनमें लगभग 55 घंटे सकारात्मक और सार्थक चर्चा हुई।

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने बजट सत्र 2026-27 की समाप्ति के उपरांत पत्रकारों को संबोधित करते हुए कहा कि यह सत्र 20 फरवरी को माननीय राज्यपाल के अभिभाषण से प्रारंभ होकर सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने 2 मार्च को वित्त मंत्री के रूप में अपना दूसरा बजट प्रस्तुत किया, जिस पर सदन में 10 घंटे 3 मिनट तक विस्तृत विचार-विमर्श हुआ।

इस दौरान विपक्ष के 7 सदस्यों ने 2 घंटे 47 मिनट तथा सत्ता पक्ष के 15 सदस्यों ने 6 घंटे 47 मिनट तक अपनी बात रखी, जबकि निर्दलीय सदस्यों ने भी अपने विचार साझा किए। उन्होंने बताया कि सत्र के दौरान 3 महत्वपूर्ण प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किए गए, जिनमें आवासन बोर्ड को भंग करने, सफाई कर्मचारी नियोजन एवं शुष्क शौचालय निर्माण अधिनियम, 1993 के निरसन तथा जीएसटी से जुड़े टैक्स ढांचे में संशोधन शामिल हैं। इसके अलावा ‘विकसित भारत जी-राम’ योजना के प्रावधानों पर भी चर्चा हुई और जनता व ग्रामीण मजदूरों की आशंकाओं पर विचार किया गया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि विभिन्न विधायकों द्वारा दिए गए ध्यानाकर्षण प्रस्तावों पर भी विषयवार चर्चा की गई। इनमें धान एवं अन्य फसलों की खरीद, राज्य में गन्ने की प्रति एकड़ घटती पैदावार तथा आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत निजी अस्पतालों द्वारा सेवाएं बंद करने जैसे मुद्दे प्रमुख रहे।

उन्होंने बताया कि सदन में कुल 8 विधेयकों पर चर्चा की गई, जिनमें हरियाणा विनियोग (संख्या 1 व 2) विधेयक 2026, प्राध्यापक सेवा सुरक्षा संशोधन विधेयक, ट्रैवल एजेंट्स पंजीकरण एवं विनियमन संशोधन विधेयक, पुलिस संशोधन विधेयक, राजकोषीय उत्तरदायित्व एवं बजट प्रबंधन संशोधन विधेयक, नगरीय क्षेत्र विकास संशोधन विधेयक तथा भूमि समेकन संशोधन विधेयक शामिल हैं। मुख्यमंत्री ने सत्र के अंतिम दिन गुजरात के राज्यपाल आचार्य देवव्रत द्वारा प्राकृतिक खेती पर दिए गए व्याख्यान का उल्लेख करते हुए कहा कि उनके मार्गदर्शन से सदन को नई दिशा मिली।