Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
पीएम मोदी के 'दिमागी नक्सल' बयान पर किरेन रिजिजू का विपक्ष पर तीखा पलटवार रामपुरहाट टीएमसी दफ्तर में फंदे से लटके मिले पूर्व डिप्टी स्पीकर आशीष बनर्जी: सुसाइड नोट में मानसिक ... 'बिहार बन रहा पेपर लीक की राजधानी': तेजस्वी यादव का NDA सरकार पर तीखा हमला, 19 अगस्त को राजभवन मार्च... पीएम मोदी के 'दिमागी नक्सल' बयान पर BJP-कांग्रेस आमने-सामने, छिड़ा सियासी घमासान बरेली: सरकारी नौकरी का झांसा देकर रचाई शादी, विरोध पर बेल्ट से पीटा और छीने जेवर; पति समेत ससुराल वा... सुखबीर बादल पर हमले की NIA जांच की मांग: हरसिमरत कौर बादल ने गृह मंत्री अमित शाह को लिखा पत्र, बड़ी ... भिवंडी: दरगाह में इलाज के नाम पर महिला से अघोरी रस्में व प्रताड़ना; UP भागने की फिराक में था मौलवी, ... दिल्ली में पूरा हुआ 100 'अटल कैंटीन' का संकल्प: DU मेट्रो स्टेशन से 25 नई कैंटीन शुरू, मात्र ₹5 में ... रीवा में स्वास्थ्य तंत्र की लापरवाही: 2 घंटे तक नहीं पहुंची 108 एंबुलेंस, सांस लेने में तकलीफ से जूझ... खान-खनिज संशोधन बिल के खिलाफ रांची में राजद-वाम दलों का साझा मोर्चा: आर्थिक नाकेबंदी और दिल्ली घेराव...

तमिलनाडु में अब जाकर अंतिम मतदाता सूची जारी

एसआईआर के बाद करीब एक करोड़ नाम काटे

राष्ट्रीय खबर

चेन्नईः तमिलनाडु में विशेष गहन संशोधन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित कर दी गई है। चुनावी आहट के बीच जारी इस सूची से कुल 97 लाख 37 हजार लोगों के नाम हटा दिए गए हैं। सोमवार को जारी किए गए आंकड़ों के अनुसार, अब राज्य में मतदाताओं की कुल संख्या 5 करोड़ 67 लाख है। विशेष संशोधन प्रक्रिया से पहले यह संख्या 6 करोड़ 41 लाख के करीब थी।

चेन्नई में आयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में तमिलनाडु की मुख्य निर्वाचन अधिकारी अर्चना पटनायक ने बताया कि जहाँ एक ओर बड़ी संख्या में नाम हटाए गए हैं, वहीं 7 लाख 40 हजार नए मतदाताओं के नाम सूची में जोड़े भी गए हैं। ये सभी नए मतदाता 18 से 19 वर्ष की आयु वर्ग के हैं, जो आगामी चुनावों में पहली बार अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे।

तमिलनाडु में विधानसभा चुनाव बेहद करीब हैं। पश्चिम बंगाल, केरल, असम और पुडुचेरी के साथ ही इस दक्षिणी राज्य में भी मतदान होना है। चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि इसी अंतिम सूची के आधार पर चुनाव कराए जाएंगे। हालांकि, आयोग ने यह भी कहा कि मतदाता सूची का अपडेशन एक निरंतर चलने वाली प्रक्रिया है। नामांकन के अंतिम दिन तक कोई भी व्यक्ति नाम जुड़वाने (फॉर्म 6), नाम कटवाने (फॉर्म 7) या सुधार (फॉर्म 8) के लिए आवेदन कर सकता है।

आयोग ने पिछले साल 19 दिसंबर को मसौदा (ड्राफ्ट) मतदाता सूची जारी की थी, जिसमें 5 करोड़ 43 लाख से अधिक नाम थे। 19 दिसंबर से 30 जनवरी तक चले गहन दस्तावेज़ सत्यापन के दौरान बड़े पैमाने पर विसंगतियां पाई गईं, जिसके बाद अवैध या दोहरे नामों को हटाने की कार्रवाई की गई। देश के जिन 9 राज्यों और 3 केंद्र शासित प्रदेशों में दूसरे चरण का SIR चल रहा था, उनमें से अधिकांश ने अपनी अंतिम सूची जारी कर दी है। अब सभी की नज़रें पश्चिम बंगाल पर हैं, जहाँ आगामी 28 फरवरी को अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित होने की उम्मीद है।