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अभिषेक के साथ मंच पर दिखे तीन मृत घोषित वोटर

चुनाव आयोग को टीएमसी सांसद ने दोबारा आइना दिखाया

राष्ट्रीय खबर

कोलकाताः पश्चिम बंगाल की राजनीति में वोटर लिस्ट को लेकर छिड़ा विवाद अब एक अनोखे विरोध प्रदर्शन में बदल गया है। दक्षिण 24 परगना के बारुईपुर में एक जनसभा को संबोधित करते हुए तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाए। अभिषेक ने मंच पर एक विशेष रैंप बनवाया था, जिसे देखकर शुरुआत में लोग हैरान थे। भाषण के बीच में उन्होंने स्पष्ट किया कि यह रैंप उन जीवित लोगों के लिए है जिन्हें चुनाव आयोग के ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में मृत घोषित कर उनका नाम काट दिया गया है।

अभिषेक बनर्जी ने मंच से गरजते हुए कहा, आयोग ने जिन्हें मृत बताकर सूची से बाहर किया, आज मैं उन तीन भूतों को इस रैंप पर चलाकर दिखाऊंगा। इसके तुरंत बाद मंच पर मुनिरुल इस्लाम मुल्ला, हरेकृष्ण गिरि और माया दास सामने आए। इनमें से दो मटियाबुर्ज के और एक काकद्वीप के निवासी हैं। अभिषेक ने जनता से पूछा, क्या ये लोग आपको मरे हुए दिख रहे हैं? ये आपके सामने जीवित खड़े हैं, लेकिन आयोग को ये दिखाई नहीं दे रहे। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र के इशारे पर साजिश के तहत तृणमूल समर्थकों के नाम मतदाता सूची से हटाए जा रहे हैं।

चुनाव आयोग और केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए अभिषेक ने कहा कि वैनिश कुमारों (मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर तंज) और अमित शाह को जनता के आक्रोश का सामना करना होगा। उन्होंने घोषणा की कि वे किसी भी वैध मतदाता का नाम कटने नहीं देंगे और इसके खिलाफ दिल्ली तक लड़ाई लड़ी जाएगी। अभिषेक ने आगामी 19 दिनों में राज्य भर में 26 रैलियां करने का खाका पेश किया और कहा कि 2026 के विधानसभा चुनावों के लिए प्रचार की शुरुआत उन्होंने अपने कर्मक्षेत्र दक्षिण 24 परगना से इसलिए की है क्योंकि यहीं से वामपंथ के पतन की शुरुआत हुई थी।

भाजपा पर हमला तेज करते हुए अभिषेक ने बेरोजगारी और सांप्रदायिकता का मुद्दा उठाया। उन्होंने चुनौती दी कि यदि भाजपा शासित राज्यों जैसे गुजरात या उत्तर प्रदेश में किसी एक विधानसभा क्षेत्र में भी 5 हजार नौकरियां देने का प्रमाण मिल जाए, तो वे राजनीति छोड़ देंगे। उन्होंने हाल ही में एक पैटी विक्रेता के साथ हुई मारपीट और कानून-व्यवस्था की घटनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि बंगाल की माताएं-बहनें इसका जवाब लोकतांत्रिक तरीके से देंगी। अंत में उन्होंने संकल्प दोहराया कि जिला की सभी 31 सीटों पर तृणमूल की जीत सुनिश्चित करनी है।