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पीएम मोदी को इथियोपिया के सर्वोच्च सम्मान से नवाजा गया

मकड़ियां एकजुट हों तो शेर को भी बांध लेगीः मोदी

  • सम्मान पाने वाले पहले वैश्विक नेता

  • वहां की संसद को भी संबोधित किया

  • किसी के खिलाफ नहीं सभी का हित चाहते

अदीस अबाबा: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपनी इथियोपिया यात्रा के दौरान एक और वैश्विक उपलब्धि हासिल की है। 16 दिसंबर 2025 को इथियोपिया के प्रधानमंत्री अबिय अहमद अली ने उन्हें देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान द ग्रेट ऑनर निशान ऑफ इथियोपिया से नवाजा। अदीस इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर में आयोजित एक भव्य और विशेष समारोह में उन्हें यह पुरस्कार प्रदान किया गया।

भारत के विदेश मंत्रालय द्वारा जारी बयान के अनुसार, पीएम मोदी को यह सम्मान भारत-इथियोपिया साझेदारी को नई ऊंचाइयों पर ले जाने और एक वैश्विक राजनेता के रूप में उनके दूरदर्शी नेतृत्व के लिए दिया गया है। विशेष बात यह है कि प्रधानमंत्री मोदी इस प्रतिष्ठित पुरस्कार को प्राप्त करने वाले दुनिया के पहले राष्ट्राध्यक्ष बन गए हैं।

अपनी यात्रा के दूसरे दिन प्रधानमंत्री मोदी ने इथियोपियाई संसद के संयुक्त सत्र को संबोधित किया, जहाँ उन्होंने दोनों देशों के बीच सदियों पुराने सांस्कृतिक और ऐतिहासिक संबंधों को रेखांकित किया। एकता की शक्ति पर जोर देते हुए उन्होंने इथियोपिया की एक प्रसिद्ध स्थानीय कहावत का उल्लेख किया: जब मकड़ी के जाले एकजुट होते हैं, तो वे एक शेर को भी बांध सकते हैं। उन्होंने कहा कि भारत भी इसी दर्शन में विश्वास रखता है कि जब दिल मिलते हैं, तो पहाड़ भी रास्ता दे देते हैं। उन्होंने भारत और इथियोपिया को एकजुट होकर ग्लोबल साउथ की आवाज बनने का आह्वान किया।

सांस्कृतिक जुड़ाव और डिजिटल सहयोग पीएम मोदी ने अपने संबोधन में एक दिलचस्प समानता की ओर ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने बताया कि भारत के राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम और इथियोपिया के राष्ट्रगान, दोनों में अपनी मातृभूमि को माँ कहकर संबोधित किया गया है, जो दोनों देशों के नागरिकों में गर्व और उत्तरदायित्व की भावना पैदा करता है। प्रधानमंत्री ने भारत के डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर की सफलता को साझा करते हुए कहा कि भारत अपनी तकनीक और अनुभव को इथियोपिया जैसे मित्र देशों के साथ साझा करने के लिए तैयार है, ताकि वहां भी सेवाओं की पहुंच और सरकारी कामकाज में क्रांतिकारी बदलाव आ सके।

आर्थिक और क्षेत्रीय साझेदारी आर्थिक संबंधों पर चर्चा करते हुए मोदी ने गर्व के साथ उल्लेख किया कि भारतीय कंपनियां वर्तमान में इथियोपिया में सबसे बड़े विदेशी निवेशकों में से एक हैं, जो स्थानीय रोजगार और विकास में महत्वपूर्ण योगदान दे रही हैं। उन्होंने दोनों देशों को क्षेत्रीय शांति, सुरक्षा और कनेक्टिविटी के लिए स्वाभाविक भागीदार बताया। पीएम मोदी ने अंत में कहा कि हमारा विजन एक ऐसी दुनिया का है जहां ग्लोबल साउथ किसी के खिलाफ नहीं, बल्कि सभी के उत्थान के लिए खड़ा हो। यह यात्रा न केवल राजनयिक संबंधों बल्कि दोनों देशों के बीच भविष्य के तकनीकी और आर्थिक सहयोग के लिए भी एक मील का पत्थर साबित हुई है।