Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Morena News: MP बोर्ड 12वीं में फेल होने पर छात्र ने खुद को मारी गोली, कोतवाल डैम पर की खुदकुशी Indian Politics: तीन दिन, 28 घंटे की चर्चा और सत्ता का नया समीकरण; क्या सच में बदल जाएगा भारतीय लोकत... IPL 2026: 'सब तितर-बितर कर दूंगा...', KKR की टीम और प्लेइंग-11 को लेकर वीरेंद्र सहवाग ने दिया बड़ा ब... Naagzilla Postponed: सनी देओल से क्लैश के कारण बदली कार्तिक आर्यन की 'नागजिला' की रिलीज डेट, जानें अ... US vs Iran: होर्मुज जलडमरूमध्य ब्लॉक करने का दांव फेल, जानें समंदर में अमेरिका के खिलाफ ईरान ने कैसे... Dubai Property Market: मिडिल ईस्ट टेंशन का दुबई रियल एस्टेट पर बड़ा असर, औंधे मुंह गिरे प्रॉपर्टी के... Health Alert: क्या आप भी AI से पूछते हैं बीमारी का इलाज? नई स्टडी का खुलासा- 50% मामलों में मिली गलत... Vaishakh Masik Shivratri 2026: आज है वैशाख मास की शिवरात्रि, जानें पूजा का सटीक मुहूर्त और विशेष संय... Fitness Tips: जिम जाने का समय नहीं? आलिया भट्ट के ट्रेनर से सीखें 10 मिनट का ये आसान होम वर्कआउट Jhansi News: झांसी में बीयर कंटेनर और मिर्ची के ट्रक में जोरदार भिड़ंत, लूटपाट के डर से मौके पर पुलि...

नेशनल हेराल्ड मामले में नया मामला दर्ज

कांग्रेस ने फिर से राजनीतिक बदले की कार्रवाई का आरोप लगाया

नईदिल्लीः दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा ने वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं सोनिया गांधी और राहुल गांधी के साथ-साथ छह अन्य सहयोगियों और व्यावसायिक संस्थाओं के ख़िलाफ़ एक नया प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज की है। यह एफआईआर एक कथित आपराधिक साज़िश के मामले में दर्ज की गई है, जिसमें 2,000 करोड़ की संपत्ति वाली कांग्रेस के पास मौजूद संस्था एसोसिएटेड जर्नल्स लिमिटेड को धोखाधड़ी से अधिग्रहित करने का आरोप है।

यह अधिग्रहण यंग इंडियन के माध्यम से किया गया था, जिसमें गांधी परिवार की 76 फीसद हिस्सेदारी है। 3 अक्टूबर को दर्ज की गई दिल्ली पुलिस की यह एफआईआर प्रवर्तन निदेशालय की मुख्यालय जांच इकाई द्वारा दायर एक शिकायत पर आधारित है। ईडी ने 2008 से 2024 तक नेशनल हेराल्ड मनी लॉन्ड्रिंग मामले में अपनी जांच के विस्तृत निष्कर्ष साझा किए हैं। धन शोधन निवारण अधिनियम की धारा 66(2) के तहत जानकारी साझा करने से ईडी किसी अन्य प्रवर्तन एजेंसी को एक निर्धारित अपराध दर्ज करने और उसकी जाँच करने के लिए कह सकती है, जो तब पीएमएलए के तहत ईडी की अपनी जांच के लिए आवश्यक पूर्वाधार अपराध बन जाता है।

ईडी द्वारा जारी मनी लॉन्ड्रिंग जांच पूर्व भाजपा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी की एक निजी शिकायत पर आधारित है, जिसे जून 2014 में पटियाला हाउस स्थित मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट की अदालत ने संज्ञान में लिया था। इस मामले में, केंद्रीय एजेंसी ने 9 अप्रैल को गांधी और अन्य आरोपियों के ख़िलाफ़ पीएमएलए के तहत एक अभियोजन शिकायत राउज एवेन्यू स्थित विशेष सांसद/विधायक अदालत में दायर की थी। अदालत ने अभी तक इस मामले का संज्ञान नहीं लिया है।

कांग्रेस ने लगातार इन आरोपों का खंडन किया है और ईडी पर सरकार के इशारे पर राजनीतिक प्रतिशोध (Political Witch-hunt) चलाने का आरोप लगाया है।

सोनिया और राहुल गांधी के अलावा, दिल्ली पुलिस द्वारा दर्ज एफआईआर में इंडियन ओवरसीज कांग्रेस के प्रमुख सैम पित्रोदा सहित तीन अन्य लोगों को भी नामज़द किया गया है। इसमें तीन संस्थाओं, एजेएल,  यंग इंडियन और डॉटक्स मर्चेंडाइज प्राइवेट लिमिटेड को भी नामित किया गया है। यह आरोप है कि कोलकाता स्थित कथित शेल कंपनी डॉटक्स मर्चेंडाइज ने यंग इंडियन को 1 करोड़ रुपये प्रदान किए, जिसमें से गांधी ने कथित तौर पर 2,000 करोड़ रुपये की संपत्ति वाली एजेएल को अधिग्रहित करने के लिए कांग्रेस को 50 लाख का भुगतान किया। सूत्रों ने बताया कि पुलिस एजेएल के शेयरधारकों को पूछताछ के लिए समन कर सकती है, यह जानने के लिए कि क्या कंपनी को यंग इंडियन को हस्तांतरित करने से पहले कांग्रेस ने उनसे सलाह ली थी और उनकी मंज़ूरी ली थी।