Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
IRCTC Tour: रांची के श्रद्धालुओं के लिए खुशखबरी! भारत गौरव ट्रेन से करें 6 ज्योतिर्लिंगों की यात्रा,... Nalanda Temple Stampede: बिहार के नालंदा में शीतला माता मंदिर में भगदड़, 8 श्रद्धालुओं की दर्दनाक मौ... IPL 2026: रवींद्र जडेजा का इमोशनल पल, लाइव मैच में रोने के बाद 'पुराने प्यार' को किया किस। Honey Singh Concert: हनी सिंह के कॉन्सर्ट में सुरक्षा के साथ खिलवाड़! चेतावनी के बाद भी तोड़े एयरपोर... Financial Deadline: 31 मार्च तक निपटा लें ये 6 जरूरी काम, वरना कटेगी जेब और भरना होगा भारी जुर्माना New IT Rules 2026: बदल जाएंगे डिजिटल नियम, केंद्र सरकार के आदेश को मानना अब सोशल मीडिया के लिए होगा ... Hanuman Ji Puja Rules for Women: महिलाएं हनुमान जी की पूजा करते समय न करें ये गलतियां, जानें सही निय... पुराना मटका भी देगा फ्रिज जैसा ठंडा पानी, बस अपनाएं ये 5 आसान ट्रिक्स। Baisakhi 2026: बैसाखी पर पाकिस्तान जाएंगे 3000 भारतीय सिख श्रद्धालु, ननकाना साहिब और लाहौर के करेंगे... Puducherry Election: पुडुचेरी में INDIA गठबंधन की बढ़ी टेंशन, 'फ्रेंडली फाइट' से बिखर सकता है खेल!

भूत की चर्चा से वीरान हो गया था यह पूरा गांव और राजप्रासाद

  • हरियाली के बीच बना है यह किला

  • सारी सुविधाओं से युक्त हैं इलाका

  • अब तक इसका रखरखाव होता है

रोमः इटली का एक गांव, वहां बना एक प्रासाद और एक किला सभी एक साथ बिक्री के लिए उपलब्ध है। इन सभी के लिए कुल कीमत दो मिलियन डॉलर रखी गयी है। बाजार दर के लिहाज से यह बहुत सस्ती है लेकिन इसके बाद भी इसके क्रेता नहीं मिल पा रहे हैं। वहां का इलाका वहां बने भवन और किला के अलावा राजप्रासाद किसी प्राचीन साम्राज्य की याद दिलाते हैं। अभी वहां कोई नहीं रहता लेकिन इसके बाद भी इस पूरे गांव और वहां के सारे मकानों की अच्छी तरह देखभाल की गयी है और वे सही हालत में है।

अभी इस पूरे इलाके की जो कीमत रखी गयी है, उस कीमत पर किसी बड़े शहर में एक फ्लैट भी नहीं मिलता है। मध्य काल का यह प्रासाद और किला सेरावाले में स्थित है। यह इलाका उत्तरी इटली के एमिलिया रोमैग्ना क्षेत्र में माडेना और बोलोग्ना शहर  बीच स्थित है। बेचने वालों ने क्रेता से मोलभाव करने की भी छूट प्रदान की है। गांव के चारों तरफ हरियाली है और काफी संख्या में पेड़ भी हैं।

पूरा इलाका में अकेला किला ही करीब 18 सौ वर्ग मीटर में फैला हुआ है। इसके बारे में बताया गया है कि 18वीं सदी में इस किला का निर्माण कराया गया था। उसे पालाजो बोकाडिफेरो नामक व्यक्ति ने तैयार कराया था। अभी जिनके पास इस इलाके का मालिकाना है, उसके मुताबिक वहां चौदह हजार वर्ग मीटर का हरा भरा पार्क भी है। इस पूरे इलाके की विस्तार से जानकारी देने के क्रम में बताया गया है कि वहां के कमरों को गर्म रखने का भी प्रबंध है। किला के नीचे से एक टावर तक जाने का एक सुरंग भी है, जो अब तक सही सलामत है और उसकी नियमित सफाई भी होती रहती है।

यह सुरंग पुराने समय में किसी भी दुश्मन के हमले से बचने के लिए तैयार किया गया था। पास में एक लॉज भी अलग से बनाया गया है, जिसमें उसके मालिक कभी कभार आकर ठहरते भी हैं। कभी कभार इस इलाके को किराये पर भी दिया जाता है। जिसमें सारी आधुनिक सुविधाएं मौजूद हैं। वहां दर्ज आंकड़े बताते हैं कि दरअसल इसकी नींव वर्ष 1227 में पड़ी थी और उसे 1523 में नये सिरे से सजाया गया था।

गांव में अब भी चालीस लोग रहते हैं और वहां एक चर्च भी है। पास में पारंपरिक कारोबार के तहत वाइन बनाने की सुविधाएं भी हैं। इसके बाद भी वहां का कोई दावेदार नहीं होने के बारे में स्थानीय निवासी बताते हैं कि यहां दरअसल भूत है। उनके मुताबिक इस किला को बनाने वाले पालाजो बोकाडिफेरो ने एक के बाद एक अपनी 12 पत्नियों की हत्या की थी। अब यह सारी आत्माएं वहां मौजूद हैं और इसी वजह से स्थानीय लोग खास तौर पर रात के वक्त इससे दूरी बनाकर चलते हैं। लोगों ने कहा है कि रात को उनके इलाके में तेज सुगंध की महक भी मिलती है। शायद इसी कहानी की वजह से यह पूरा इलाका इतना बेहतर होने के बाद भी वीरान पड़ गया है।