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जयराम महतो और थानेदार विवाद में देवेंद्र नाथ महतो की एंट्री: पुलिस एसोसिएशन को दी चेतावनी, बोले- ‘गोपनीयता हनन पर पुलिस मांगे माफी’

गिरिडीह (झारखंड): डुमरी विधायक जयराम महतो और बरवड्डा थाना प्रभारी के बीच उपजे हालिया विवाद में अब जेकेएलएम (JKLM) छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो भी खुलकर सामने आ गए हैं।

गिरिडीह में मीडिया से बातचीत करते हुए देवेंद्र नाथ महतो ने न केवल संबंधित थाना प्रभारी की कार्यशैली पर सवाल उठाए, बल्कि पुलिस एसोसिएशन द्वारा विधायक से माफी मांगने की मांग का भी कड़ा विरोध किया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि पुलिस एसोसिएशन को अपना बयान तत्काल वापस लेना चाहिए, क्योंकि माफी उस पुलिसकर्मी को मांगनी चाहिए जिसने निजता (Privacy) का हनन करते हुए बातचीत की ऑडियो रिकॉर्डिंग की और उसे सोशल मीडिया पर वायरल किया।

👮 ‘कुछेक पुलिसकर्मियों के कारण बदनाम होता है महकमा’: देवेंद्र महतो का आरोप

पुलिसिया कार्यशैली पर देवेंद्र नाथ महतो के प्रमुख बिंदु:

  • वर्दी का सम्मान: देवेंद्र महतो ने कहा कि वे पुलिस की वर्दी का पूरा सम्मान करते हैं, लेकिन विभाग के कुछेक कर्मियों के अनुचित आचरण के कारण पूरा पुलिस प्रशासन बदनाम होता है।

  • निजी अनुभव: उन्होंने कहा, “मैं छात्र आंदोलनों के कारण जेल भी गया हूं और मुझ पर मुकदमे भी दर्ज हैं। मैंने बहुत नजदीक से कुछ पुलिसकर्मियों का अभद्र व्यवहार, गुंडागर्दी और कोयला-बालू के अवैध कारोबार में संलिप्तता देखी है।”

  • हड़ताल पर आंदोलन की चेतावनी: उन्होंने चेतावनी दी कि यदि पुलिस एसोसिएशन इस मुद्दे को लेकर हड़ताल पर जाती है, तो वे भी जनता और छात्रों के साथ सड़कों पर उतरकर व्यापक आंदोलन शुरू करेंगे।

🚩 गिरिडीह पहुंची ‘भर्ती व्यवस्था सुधार यात्रा’: युवाओं और छात्रों का मिला भारी समर्थन

छात्र यात्रा और रोजगार के मुद्दों पर जोर:

  • यात्रा का रूट: गिरिडीह में प्रेस कॉन्फ्रेंस के उपरांत देवेंद्र नाथ महतो के नेतृत्व में ‘भर्ती व्यवस्था सुधार यात्रा’ निकाली गई। यह यात्रा गिरिडीह शहर और गांडेय होते हुए जामताड़ा पहुंचेगी।

  • संकल्प यात्रा का उद्देश्य: देवेंद्र ने कहा कि यह यात्रा उन अभिभावकों के सपनों को साकार करने के लिए है, जो चाहते हैं कि उनके बच्चे रोजगार की तलाश में पलायन करने के बजाय झारखंड में ही नौकरी करें।

  • पारदर्शिता की मांग: उन्होंने मांग की कि जिन भी प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक या गड़बड़ियां हुई हैं, उन पर सरकार सख्त कार्रवाई करे और सीआईडी (CID) जांच को निष्पक्ष बनाए रखे ताकि न्यायालय में मजबूत पक्ष रखा जा सके।

🛑 ‘पेपर लीक रुका तो ठीक, वरना होगा अनिश्चितकालीन चक्का जाम’

प्रतियोगी परीक्षाओं और छात्रों की आगामी रणनीति:

  • जवाबदेही तय हो: छात्र नेता ने कहा कि आवेदन फॉर्म भरने से लेकर परीक्षा संचालन और नियुक्ति पत्र वितरण तक पूरी प्रक्रिया पारदर्शी और जवाबदेह होनी चाहिए।

  • अदालत के फैसले का इंतजार: उन्होंने कहा कि छात्र संगठन न्यायालय के आदेशों का सम्मान करते हैं और कोर्ट में पेश होने वाली सीआईडी रिपोर्ट की प्रतीक्षा कर रहे हैं।

  • चक्का जाम का अल्टीमेटम: उन्होंने दो-टूक कहा कि राज्य का युवा और छात्र अब आर-पार के मूड में हैं। यदि सरकार ने पारदर्शी भर्ती व्यवस्था सुनिश्चित नहीं की, तो पूरे राज्य में अनिश्चितकालीन चक्का जाम किया जाएगा।