देर से मॉनसून की बारिश आने के बाद बड़ी आफत
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कई इलाकों में भूस्खलन हो गया
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रेल सेवाओँ पर बुरा असर पड़ा
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पुणे का मार्ग भी बाधित हुआ है
राष्ट्रीय खबर
मुंबईः महाराष्ट्र में इस समय मानसून का रौद्र रूप देखने को मिल रहा है। लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के चलते राज्य के बड़े हिस्से में जनजीवन पूरी तरह पटरी से उतर गया है। विभिन्न हादसों में अब तक कम से कम 13 लोगों के मारे जाने की पुष्टि हुई है। सबसे दर्दनाक हादसा पुणे के पाटन गांव में हुआ, जहां लगातार तीन बार हुए भूस्खलन की चपेट में आने से एक मकान जमींदोज हो गया। इस मलबे में दबकर एक नागरिक की मौत हो गई, जबकि दो अन्य अभी भी लापता हैं।
लोनावाला संभाग के डीएसपी गजानन तोम्पे के अनुसार, राहत व बचाव कार्य के लिए स्थानीय पुलिस के साथ राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल की टीम मौके पर तैनात है। इसी बीच, घोरवाड़ी रेलवे स्टेशन के पास पानी से लबालब सड़क पर फंसी एक निजी बस से 37 मुसाफिरों को रेस्क्यू टीम ने सुरक्षित बाहर निकाला।
इस भारी बारिश का सबसे बड़ा असर मुंबई और पुणे के बीच के यातायात पर पड़ा है। भोर घाट क्षेत्र के ठाकुरवाड़ी और मंकी हिल के पास भूस्खलन होने की वजह से मध्य रेलवे की तीनों मुख्य लाइनें पूरी तरह अवरुद्ध हो गई हैं। रेलवे के जनसंपर्क अधिकारी स्वप्निल नीला ने बताया कि सुरक्षा कारणों से डेक्कन क्वीन, इंद्रायणी, इंटरसिटी, प्रगति और सिंहगढ़ एक्सप्रेस समेत 16 महत्वपूर्ण ट्रेनों को रद्द करना पड़ा है, जबकि 9 ट्रेनों के रूट में बदलाव किया गया है।
सड़क मार्ग की स्थिति भी बदतर है। मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे और पुराना हाईवे दोनों ही यातायात के लिए फिलहाल बंद कर दिए गए हैं। एक्सप्रेसवे पर टनल-2 के पास पहाड़ खिसकने और मिसिंग लिंक सेक्शन में एक कंक्रीट का खंभा सड़क पर आ गिरने से गाड़ियों के पहिये पूरी तरह थम गए हैं। ट्रैफिक पुलिस ने आम जनता को स्थिति सुधरने तक इन मार्गों पर सफर न करने की सख्त हिदायत दी है। बिगड़ते हालात को देखते हुए मुंबई, ठाणे, पालघर और पुणे के सभी शैक्षणिक संस्थानों में अवकाश घोषित कर दिया गया है। मौसम विभाग ने पुणे के लिए रेड और मुंबई के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।