तबाही के एक सप्ताह बाद मरने वालों की संख्या दो हजार के पार
एजेंसियां
काराकासः वेनेजुएला में आए विनाशकारी भूकंप के ठीक एक सप्ताह बाद, मरने वालों का आंकड़ा बढ़कर कम से कम 2,295 तक पहुँच गया है, जबकि 11,267 लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। नेशनल असेंबली के अध्यक्ष जॉर्ज रोड्रिगेज ने बुधवार को इस भयावह आंकड़े की आधिकारिक पुष्टि की है।
इस समय आपदा प्रभावित क्षेत्रों में 26,000 से अधिक आपातकालीन कर्मी और 17,000 से अधिक स्वयंसेवक राहत और बचाव कार्यों में मुस्तैदी से जुटे हुए हैं। मलबे के नीचे दबे जीवित लोगों की तलाश का काम लगातार जारी है, हालांकि आपदा के दूसरे सप्ताह में प्रवेश करने के साथ ही अब मलबे से और अधिक लोगों के जिंदा बचने की उम्मीदें धीरे-धीरे धुंधली पड़ती जा रही हैं। रोड्रिगेज ने बताया कि राहत टीमों ने अब तक मलबे से 6,461 लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने में सफलता हासिल की है।
बीते 24 जून को आए 7.2 और 7.5 तीव्रता के दोहरे (ट्विन) विनाशकारी भूकंपों के बाद से अब तक प्रशासन ने कुल 782 आफ्टरशॉक्स (भूकंप के बाद के झटके) दर्ज किए हैं। हालांकि राहत की बात यह है कि समय के साथ इन झटकों की आवृत्ति और तीव्रता में कमी आई है, लेकिन अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि एक और बड़े और तीव्र भूकंप का खतरा अभी पूरी तरह से टला नहीं है।
इस बीच, पैन अमेरिकन हेल्थ ऑर्गनाइजेशन ने चेतावनी दी है कि इस आपदा के कारण देश में सार्वजनिक स्वास्थ्य आपातकाल की स्थिति और अधिक बिगड़ सकती है। एजेंसी के अनुसार, लाखों लोगों को तत्काल चिकित्सा सहायता की आवश्यकता है। संगठन ने प्रभावित क्षेत्रों में अगले छह महीनों तक स्वास्थ्य सेवाओं को स्थिर करने, आवश्यक दवाएं और टीके (वैक्सीन) जुटाने के लिए अंतरराष्ट्रीय समुदाय से 24 मिलियन डॉलर (2.4 करोड़ डॉलर) की वित्तीय सहायता की भावुक अपील की है।
बुधवार को कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज ने देश में सात दिनों के राष्ट्रीय शोक की घोषणा की और पीड़ितों के परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त की। हालांकि, इस भीषण आपदा से निपटने के उनके तरीकों और प्रबंधन को लेकर सरकार की तीखी आलोचना हो रही है। वेनेजुएला के आम नागरिकों और आलोचकों का मानना है कि इस संकट की घड़ी में सरकार की प्रतिक्रिया बेहद धीमी, लचर और अपर्याप्त रही है, जिससे लोगों का गुस्सा बढ़ता जा रहा है।