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पश्चिम बंगाल चुनाव के ठीक पहले ड्रोन मिलने से सनसनी

बकखाली और दांतन में मिले दो बड़े ड्रोन

राष्ट्रीय खबर

कोलकाताः पश्चिम बंगाल के दो अलग-अलग जिलों में विमान के समान दिखने वाले दो विशालकाय ड्रोन मिलने से हड़कंप मच गया है। पहला ड्रोन दक्षिण 24 परगना के बकखाली स्थित फ्रेजरगंज समुद्र तट पर मिला, जबकि दूसरा पश्चिम मेदिनीपुर के एक खेत में पड़ा हुआ पाया गया।

राज्य में चुनावी बिगुल बज चुका है और प्रचार अभियान जोरों पर है, ऐसे में इन ड्रोनों की मौजूदगी ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। क्या इनके जरिए गुप्त निगरानी की योजना बनाई जा रही थी या यह किसी सैन्य अभ्यास का हिस्सा थे? पुलिस ने दोनों ड्रोनों को जब्त कर लिया है और मामले की गहन जांच शुरू कर दी है।

बुधवार दोपहर दक्षिण 24 परगना के पश्चिम अमरावती गांव के कारगिल सी बीच पर मछुआरों ने लाल और पीले रंग के एक विमान जैसे यंत्र को पड़ा देखा। यह खबर जंगल की आग की तरह फैल गई और मौके पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलते ही फ्रेजरगंज कोस्टल थाने की पुलिस मौके पर पहुंची। शुरुआती जांच में पता चला है कि ड्रोन का कुछ हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया है। इस ड्रोन के पंखों पर शिकरा लिखा हुआ है। विशेषज्ञों के अनुसार, इस श्रेणी के ड्रोनों का उपयोग भारतीय नौसेना और वायु सेना द्वारा युद्धाभ्यास और रक्षा प्रशिक्षण के लिए किया जाता है।

सागर के एसडीपीओ सुमन कांति घोष ने स्पष्ट किया कि यह भारतीय सेना का एक प्रैक्टिस ड्रोन है, जो संभवतः अभ्यास के दौरान तकनीकी खराबी के कारण तट पर गिर गया। सेना को इस बारे में सूचित कर दिया गया है और स्थानीय लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है।

दूसरी ओर, पश्चिम मेदिनीपुर के दांतन-1 ब्लॉक के अंतर्गत शरशंका के पास काजूचक इलाके के एक धान के खेत में भी इसी तरह का एक मानवरहित विमान (ड्रोन) मिला। सुबह-सुबह खेत में विमान जैसी वस्तु देख किसान और स्थानीय लोग अचंभित रह गए।

दांतन पुलिस ने तुरंत मौके पर पहुंचकर इसे अपने कब्जे में ले लिया। बाद में पुलिस सूत्रों ने स्पष्ट किया कि यह ड्रोन इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन का है। कंपनी क्षेत्र में अपनी पाइपलाइन के काम की निगरानी और सुरक्षा जांच के लिए इस ड्रोन का उपयोग कर रही थी। हालांकि दोनों घटनाओं का चुनाव से सीधा संबंध नहीं पाया गया है, लेकिन सुरक्षा एजेंसियां पूरी सतर्कता बरत रही हैं ताकि चुनाव से पहले किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि पर अंकुश लगाया जा सके।