कांग्रेस को झटका, सांसद प्रद्युत बोरदोलोई का इस्तीफा
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कई बार राज्य में मंत्री भी रह चुके हैं
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कांग्रेस के पूर्व उपाध्यक्ष भी बीजेपी जाएंगे
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पिता भाजपा में और बेटा कांग्रेस में
भूपेन गोस्वामी
असम विधानसभा चुनाव की दहलीज पर खड़ी कांग्रेस पार्टी को एक के बाद एक बड़े झटकों का सामना करना पड़ रहा है। मंगलवार को वरिष्ठ कांग्रेस नेता और नागांव से सांसद प्रद्युत बोरदोलोई ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया और बुधवार को नई दिल्ली में औपचारिक रूप से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का दामन थाम लिया। बोरदोलोई का यह कदम कांग्रेस के लिए इसलिए भी बड़ा आघात है क्योंकि वे तरुण गोगोई सरकार में कई बार मंत्री रह चुके हैं और 1975 से पार्टी से जुड़े थे। भाजपा में शामिल होते समय उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस में उन्हें घुटन महसूस हो रही थी और उनका निरंतर अपमान किया जा रहा था।
मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा और प्रदेश अध्यक्ष दिलीप सैकिया की उपस्थिति में भाजपा में शामिल हुए बोरदोलोई के साथ कांग्रेस के पूर्व प्रदेश उपाध्यक्ष नवज्योति तालुकदार ने भी पार्टी छोड़ दी है। मुख्यमंत्री सरमा ने कहा कि बोरदोलोई का अनुभव भाजपा को और मजबूती प्रदान करेगा। हालांकि, इस दलबदल ने एक दिलचस्प पारिवारिक और राजनीतिक संकट पैदा कर दिया है। प्रद्युत बोरदोलोई के बेटे प्रतीक बोरदोलोई, जो वर्तमान में असम कांग्रेस के सोशल मीडिया सेल के सह-अध्यक्ष हैं, मार्गरीटा विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे हैं। पिता के भाजपा में जाने के बाद मार्गरीटा में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रद्युत के पोस्टर तो फाड़ दिए, लेकिन प्रतीक के पोस्टर रहने दिए, जिससे कार्यकर्ताओं के बीच भारी भ्रम की स्थिति बनी हुई है।
पड़ोसी राज्य मेघालय में सुरक्षा स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है। मंगलवार रात तुरा के अरामाइल इलाके में पुलिस ने एक चेकपॉइंट पर चेकिंग के दौरान धारदार हथियारों का एक बड़ा जखीरा जब्त किया। बरामद सामानों में बड़ी छुरियां (माचेट), हथौड़े और गुलेल जैसे जानलेवा हथियार शामिल हैं। वेस्ट गारो हिल्स के पुलिस अधीक्षक अब्राहम संगमा ने बताया कि इन हथियारों का इस्तेमाल जिले में जारी सांप्रदायिक संघर्षों में किए जाने की आशंका थी। इस मामले में कई संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है। जिले में कर्फ्यू को 19 मार्च की सुबह 6 बजे तक के लिए बढ़ा दिया गया है, हालांकि दिन में 12 घंटे की ढील दी गई है। अब तक हिंसा के आरोप में 29 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है और उपमुख्यमंत्री प्रेस्टोन टिनसोंग ने और भी गिरफ्तारियों के संकेत दिए हैं।