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चिट्ठी दिखाकर पूछा यह पत्र किसने लिखी थी

राष्ट्रीय खबर

मुंबईः महाराष्ट्र में भारत जोड़ो यात्रा के तहत चलते राहुल गांधी ने भाजपा पर जोरदार हमला किया है। इस बार उन्होंने वीडी सावरकर की एक चिट्ठी जारी करते हुए पूछा है कि यह चिट्ठी आखिर किसने लिखी थी। वह पहले ही यह कह चुके थे कि दरअसल भाजपा जिसे वीर सावरकर के नाम से पुकारती है वह ब्रिटिश सरकार के पक्ष में थे। स्वतंत्रता आंदोलन के जारी होने के दौरान वह ब्रिटिश सरकार की मदद किया करते थे और इस एवज में पेंशन भी पाते थे।
इस बयान के बाद से ही सावरकर के मुद्दे पर भाजपा ने राहुल को घेरना चालू कर दिया था। राहुल ने यह भी कहा था कि सावरकर ने ऐसा तब किया था जब स्वतंत्रता आंदोलन के अन्य सेनानी अंग्रेजी हुकूमत का विरोध कर जेलों में बंद थे। जेल में बंद रहने वालों में महात्मा गांधी, पंडित जवाहर लाल नेहरू और सरदार बल्लभ भाई पटेल जैसे लोग भी थे। इनलोगों ने ब्रिटिश सरकार से मदद की कोई गुहार नहीं लगायी थी।

महाराष्ट्र के भाजपा नेता और उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने राहुल के इस बयान का जोरदार तरीके से विरोध किया था। उन्होंने कहा था कि राहुल गांधी लगातार एक झूठ को प्रसारित करते आये हैं। उन्होंने कहा था कि वीर सावरकर की तरह 11 वर्षों तक किसे जेल में रहना पड़ा था, यह कांग्रेस के नेताओँ को बताना चाहिए।

इस क्रम में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा था कि सावरकर के खिलाफ ऐसी बात महाराष्ट्र की जनता सहन नहीं करेगी। इसी बहस के बीच राहुल गांधी ने प्रेस कांफ्रेंस में एक पत्र दिखाकर पूछा कि इस पत्र में ब्रिटिश सरकार से माफी मांगकर जीवन भर सेवक बने रहने वाले व्यक्ति के तौर पर तो सावरकर के ही हस्ताक्षर हैं। उन्होंने कहा कि यह देश को बताना चाहिए कि यह पत्र सही है और इसमें हस्ताक्षर भी सावरकर ने ही किये थे। राहुल ने इस पत्र की प्रतिलिपि प्रेस को भी उपलब्ध करा दी है। इस पत्र के अंत में अंग्रेजी में यह लिखा हुआ है कि मैं प्रार्थना करता हूं और आपका सबसे विश्वस्त सेवक बना रहूंगा।