आयोग ने दोनों पक्षों के एक घंटे के अंतराल पर बुलाया
दोनों पक्षों का अपना अपना दावा
चुनाव के बाद अचानक फूट पड़ी है
उपचुनाव से पहले इसे सुलझाना होगा
राष्ट्रीय खबर
नयी दिल्ली: पश्चिम बंगाल की पूर्व सत्ताधारी तृणमूल कांग्रेस का नियंत्रण, नाम और उसका पारंपरिक चुनाव चिन्ह जोड़ा घासफूल आखिरकार किसके हाथ में रहेगा, इस अत्यंत महत्वपूर्ण राजनीतिक विवाद का स्थायी निपटारा करने के लिए भारत निर्वाचन आयोग ने पार्टी के दोनों विरोधी गुटों को राजधानी दिल्ली तलब किया है। आयोग ने इस संवेदनशील मामले की औपचारिक सुनवाई और समाधान के लिए आगामी 12 सितंबर (शनिवार) का दिन निर्धारित किया है, जिसमें दोनों प्रतिद्वंद्वी पक्षों के साथ एक घंटे के अंतराल पर अलग-अलग उच्च-स्तरीय बैठकें आयोजित की जाएंगी।
राजधानी नई दिल्ली के द्वारका स्थित प्रतिष्ठित इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ डेमोक्रेसी एंड इलेक्शन मैनेजमेंट भवन में होने वाली इन बैठकों का विस्तृत समय और शेड्यूल पूरी तरह तय कर दिया गया है। विधानसभा में विपक्ष के नेता ऋतब्रत बनर्जी के नेतृत्व में बागी तेवर अपनाने वाले पांच सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल के साथ निर्वाचन आयोग की पहली बैठक शनिवार को सुबह ठीक 11 बजे शुरू होगी। इसके ठीक एक घंटे के अंतराल के बाद, पार्टी सुप्रीमो ममता बनर्जी के वफादार और आधिकारिक नेतृत्व का मजबूत दावा पेश करने वाले पांच सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल के साथ आयोग दोपहर 12 बजे विस्तृत चर्चा करेगा।
इस पूरे राजनीतिक विवाद की पृष्ठभूमि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों के परिणामों के तुरंत बाद शुरू हुई थी, जब तृणमूल कांग्रेस के भीतर भीषण आंतरिक कलह और टूट का दौर शुरू हो गया था। पार्टी के एक बड़े और प्रभावशाली हिस्से के विधायकों तथा वरिष्ठ नेताओं ने बगावत का झंडा उठाते हुए खुद को असली तृणमूल करार दिया है और पार्टी के आधिकारिक नाम, केंद्रीय कोष तथा चुनाव चिन्ह पर कानूनी रूप से अपना कड़ा दावा ठोक दिया है। दूसरी ओर, ममता बनर्जी का आधिकारिक नेतृत्व भी अपनी राजनीतिक वैधानिकता और सांगठनिक ताकत को साबित करने के लिए लगातार प्रासंगिक संगठनात्मक तथा कानूनी दस्तावेज निर्वाचन आयोग के समक्ष पेश कर रहा है।
चूंकि आगामी उपचुनावों के लिए नामांकन पत्र दाखिल करने की अंतिम तिथि बेहद नजदीक आ चुकी है, इसलिए निर्वाचन आयोग इस बहुप्रतीक्षित और पेचीदे प्रतीक विवाद पर जल्द से जल्द एक ठोस, निष्पक्ष और अंतिम निर्णय लेने की तीव्र कवायद में पूरी तरह जुटा हुआ है।