इंडोनेशिया के समुद्र में 271 यात्रियों से भरी नाव में लगी भीषण आग: 5 की मौत, 41 लापता; पानी में कूदे लोग
जकार्ता (इंडोनेशिया): इंडोनेशिया में मदुरा द्वीप (Madura Island) के करीब समुद्र के बीचों-बीच एक पैसेंजर फेरी (यात्री नाव) में अचानक भीषण आग लगने से हड़कंप मच गया।
इस दर्दनाक हादसे में फेरी में सवार कम से कम 5 यात्रियों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 41 लोग अभी भी समुद्र में लापता बताए जा रहे हैं। आधिकारिक जानकारी के अनुसार, दुर्घटना के समय नाव में चालक दल (क्रू मेंबर्स) सहित लगभग 271 लोग सवार थे। फिलहाल लापता लोगों को सकुशल ढूंढने के लिए व्यापक स्तर पर सर्च एंड रेस्क्यू ऑपरेशन (खोज एवं बचाव अभियान) चलाया जा रहा है।
🚢 सुराबाया से मकासर जा रही थी फेरी, 225 यात्रियों को समुद्र से सुरक्षित निकाला गया
स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, यह यात्री नाव पूर्वी जावा प्रांत के सुराबाया (Surabaya) शहर से रवाना होकर दक्षिण सुलावेसी के मकासर (Makassar) शहर की ओर जा रही थी।
सफर शुरू होने के कुछ ही घंटों बाद संदिग्ध परिस्थितियों में नाव से आग की लपटें उठने लगीं। आग की विभीषिका को देखते हुए तटरक्षक बल और आसपास मौजूद कई अन्य जहाजों की मदद से त्वरित गति से राहत व बचाव कार्य शुरू किया गया। मुस्तैदी से चलाए गए इस ऑपरेशन के बदौलत अब तक 225 लोगों को सुरक्षित बचाकर बाहर निकाला जा चुका है।
🤝 यात्रियों को बचाने में जुटा प्रशासन, परिवहन मंत्रालय ने सुरक्षा को बताया सर्वोच्च प्राथमिकता
इंडोनेशिया के परिवहन मंत्रालय के अनुसार, बचाए गए यात्रियों को सुरक्षित रूप से रेस्क्यू जहाजों पर शिफ्ट किया जा रहा है।
स्थानीय समयानुसार सुबह 11:20 बजे तक बचाव अभियान के दौरान करीब 40 लोग जलती हुई फेरी पर ही फंसे हुए थे, जिन्हें निकालने के प्रयास जारी थे। मंत्रालय ने बयान जारी कर यात्रियों और क्रू सदस्यों की सुरक्षा को अपनी सर्वोच्च प्राथमिकता बताया और कहा कि सभी संबंधित समुद्री एजेंसियां राहत कार्य में पूरी ताकत से जुटी हुई हैं।
⚠️ पहले भी हो चुके हैं ऐसे जानलेवा समुद्री हादसे, जुलाई 2025 में भी हुआ था बड़ा हादसा
इंडोनेशियाई समुद्री सीमा में फेरी में आग लगने की यह कोई पहली घटना नहीं है। ठीक एक साल पहले, जुलाई 2025 में भी नॉर्थ सुलावेसी प्रांत के तट पर एक पैसेंजर शिप में आग लग गई थी, जिसमें 3 लोगों की जान चली गई थी और लगभग 150 लोगों को बचाया गया था।
‘KM बार्सिलोना 5’ नाम के उस जहाज में करीब 280 लोग सवार थे, जो 19 जुलाई को प्रांतीय राजधानी मनाडो के तट के समीप हादसे का शिकार हुआ था।
🌊 इंडोनेशिया में आखिर क्यों बार-बार हादसों का शिकार होती हैं यात्री नावें?
17,000 से भी अधिक छोटे-बड़े द्वीपों से मिलकर बना इंडोनेशियाई द्वीप समूह अपनी दैनिक आवाजाही के लिए मुख्य रूप से नावों और फेरियों पर निर्भर है।
हालांकि, यहां अक्सर बड़े समुद्री हादसे देखने को मिलते हैं। इसका मुख्य कारण जहाजों पर क्षमता से अधिक यात्रियों व भारी सामान को लादना (Overloading) तथा सख्त सुरक्षा मानकों की अनदेखी करना है। कई नावों में आपात स्थिति के लिए पर्याप्त लाइफ जैकेट और लाइफ बोट जैसे सुरक्षा उपकरण मौजूद नहीं होते हैं, जो हादसों के समय भारी जनहानि की वजह बनते हैं।
📱 सोशल मीडिया पर वायरल हुआ खौफनाक वीडियो, जान बचाने के लिए समुद्र में कूदते दिखे लोग
इस भीषण अग्निकांड का एक विचलित करने वाला वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
वायरल वीडियो में फेरी के ऊपरी डेक से घने काले धुएं का गुबार उड़ता दिख रहा है और देखते ही देखते पूरी नाव आग की लपटों में घिर जाती है। वीडियो में लाइफ जैकेट पहने यात्री जान बचाने के लिए जहाज के किनारे पर एकत्र नजर आ रहे हैं, जबकि कई बदहवास लोग आग से बचने के लिए सीधे गहरे समुद्र के पानी में छलांग लगाते दिखाई दे रहे हैं।