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सरकार के जवाबदेही की उम्मीद बेकारः राहुल गांधी

यूजीसी नीट पेपर लीक के नये दावे के बीच बयान

राष्ट्रीय खबर

नईदिल्लीः  लोकसभा में विपक्ष के नेता और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने बुधवार को यूजीसी-नेट जून 2026 परीक्षा में कथित अनियमितताओं को लेकर नरेंद्र मोदी सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने सरकार पर प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े बार-बार होने वाले विवादों की अनदेखी करने और छात्रों के हितों की रक्षा करने में पूरी तरह विफल रहने का आरोप लगाया।

राहुल गांधी ने कहा कि परीक्षा घोटालों के गंभीर आरोपों के बावजूद सरकार आंखें मूंदकर गहरी नींद में सो रही है। उन्होंने दुख जताते हुए कहा कि दिन-रात एक करने वाले देश के लाखों होनहार छात्रों की मेहनत का इस सरकार के लिए कोई मूल्य नहीं रह गया है।

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक मीडिया रिपोर्ट का स्क्रीनशॉट साझा करते हुए राहुल गांधी ने हरियाणा के रोहतक में छात्र नेताओं द्वारा नेशनल टेस्टिंग एजेंसी द्वारा आयोजित यूजीसी-नेट परीक्षा को लेकर लगाए गए गंभीर आरोपों का जिक्र किया। राहुल गांधी ने हिंदी में लिखा, पिछले हफ्ते की यूजीसी-नेट परीक्षा को लेकर जो गंभीर आरोप सामने आए हैं, वे बेहद चौंकाने वाले हैं।

नीट पेपर लीक के कुछ ही हफ्तों बाद अब यह खबरें आ रही हैं कि यूजीसी-नेट परीक्षा से ठीक पहले एक 100 पन्नों की पीडीएफ सर्कुलेट की गई थी। उन्होंने दावा किया कि यह पीडीएफ प्रश्नपत्र तैयार करने की प्रक्रिया से संबंधित थी और सोशियोलॉजी (समाजशास्त्र) के प्रश्नपत्र में करीब 90 सवाल इसी पीडीएफ से हूबहू मैच कर रहे थे।

कांग्रेस नेता ने आगे आरोप लगाया कि बिहार, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, दिल्ली और राजस्थान जैसे राज्यों में इस प्रश्नपत्र को 2.25 लाख रुपये में बेचा जा रहा था। उन्होंने यह भी दावा किया कि इसी नेटवर्क ने सीएसआईआर-नेट, एचटीईटी और एडीए जैसी आगामी परीक्षाओं के पेपर भी लीक कराने की बात कही है।

राहुल गांधी ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि नीट और नेट जैसी बड़ी परीक्षाओं में बार-बार घोटाले होने के बाद भी सरकार गंभीर नहीं है। उन्होंने आशंका जताई कि इस मामले में भी कोई निष्पक्ष जांच नहीं होगी और न ही छात्रों को न्याय मिलेगा।

उन्होंने देश के युवाओं का आह्वान करते हुए कहा, अब इस व्यवस्था को बदलने का एकमात्र जरिया हमारी सामूहिक आवाज है। पूरे देश में गूंजने वाली छात्रों की गूंज ही भारत में एक नई शिक्षा क्रांति लेकर आएगी। इन गंभीर आरोपों पर राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी की ओर से तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।