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Guna POCSO Court Verdict: नाबालिग छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म में कराटे कोचों को आजीवन कारावास; गुरु-शिष्य का रिश्ता हुआ कलंकित

गुना: मध्य प्रदेश के गुना में एक बेहद शर्मनाक और गुरु-शिष्य के पवित्र रिश्ते को कलंकित करने वाले मामले में विशेष पोक्सो (POCSO) न्यायालय ने ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। न्यायाधीश सोनाली शर्मा की अदालत ने दो कराटे कोचों, सचिन भटनागर और जगवीर जाटव को नाबालिग छात्रा के साथ लंबे समय तक सामूहिक दुष्कर्म करने का दोषी मानते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।

🥋 कराटे ट्रेनिंग की आड़ में रचा गया घिनौना खेल

पीड़िता ने अपनी शिकायत में बताया था कि जब वह केवल 12 साल की थी, तब से आरोपी उसका शारीरिक शोषण कर रहे थे। आरोपी कोचों ने उसे खेल के बहाने न केवल गुना, बल्कि विशाखापट्टनम और विदेश (मलेशिया) तक ले जाकर अपनी हवस का शिकार बनाया। आरोपी सचिन भटनागर ने न केवल छात्रा के साथ दुष्कर्म किया, बल्कि उसे अपने परिजनों के गहने लाकर देने के लिए भी मजबूर किया।

🏛️ कोर्ट की कड़ी टिप्पणी और मुआवजा

न्यायालय ने अपने फैसले में कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि आरोपियों ने न केवल छात्रा के साथ विश्वासघात किया, बल्कि गुरु-शिष्य की पवित्र परंपरा को भी तार-तार कर दिया। कोर्ट ने पीड़िता को न्याय दिलाते हुए उसे 4 लाख रुपये का मुआवजा देने का भी आदेश दिया है। इस मामले में कुल तीन आरोपी थे, जिनमें से तीसरे आरोपी संजीव चौधरी को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया गया।

👨‍👩‍👧 माता-पिता के लिए सबक

अभियोजन पक्ष और कोर्ट की ओर से अभिभावकों के लिए एक बड़ा संदेश दिया गया है:

  • बच्चे जब भी किसी खेल प्रशिक्षण या कोचिंग में जाएं, तो उनके व्यवहार पर नजर रखें।

  • बच्चों से नियमित संवाद बनाए रखें ताकि वे अपनी बात साझा कर सकें।

  • किसी भी संदिग्ध गतिविधि या व्यवहार का आभास होने पर बिना डरे तुरंत पुलिस की मदद लें।