Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
NEET-UG 2026 Paper Leak: सीबीआई की बड़ी कामयाबी, मास्टरमाइंड केमिस्ट्री लेक्चरर पी.वी. कुलकर्णी गिरफ... Punjab Politics: पंजाब में SIR को लेकर सियासी घमासान, चुनाव आयोग की सर्वदलीय बैठक में विपक्ष ने उठाए... Varanasi News: दालमंडी सड़क चौड़ीकरण तेज, 31 मई तक खाली होंगी 6 मस्जिदें समेत 187 संपत्तियां धार भोजशाला में मां सरस्वती का मंदिर, मुस्लिम पक्ष के लिए अलग जमीन… जानें हाई कोर्ट के फैसले में क्य... Ahmedabad-Dholera Rail: अहमदाबाद से धोलेरा अब सिर्फ 45 मिनट में, भारत की पहली स्वदेशी सेमी हाई-स्पीड... Namo Bharat FOB: निजामुद्दीन रेलवे स्टेशन और सराय काले खां नमो भारत स्टेशन के बीच फुटओवर ब्रिज शुरू Sant Kabir Nagar News: मदरसा बुलडोजर कार्रवाई पर हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, डीएम और कमिश्नर का आदेश रद्द Patna News: बालगृह के बच्चों के लिए बिहार सरकार की बड़ी पहल, 14 ट्रेड में मिलेगी फ्री ट्रेनिंग और नौ... Mumbai Murder: मुंबई के आरे में सनसनीखेज हत्या, पत्नी के सामने प्रेमी का गला रेता; आरोपी गिरफ्तार Supreme Court News: फ्यूल संकट के बीच सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, वर्चुअल सुनवाई और वर्क फ्रॉम होम ...

मशाल रैली के दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प

मुख्यमंत्री आवास तक मार्च के दौरान आंसू गैस के गोले दागे गए

  • कई स्थानों पर एकत्रित हुए थे आंदोलनकारी

  • कोकोमी ने संघर्ष और पुनर्वास पर जवाब मांगा

  • असम के नागांव जेल में दो कैदियों की मौत

भूपेन गोस्वामी

गुवाहाटीः मणिपुर की राजधानी इम्फाल में मणिपुर अखंडता पर समन्वय समिति (कोकोमी) द्वारा आयोजित एक विशाल रैली ने हिंसक रूप ले लिया। घाटी के विभिन्न जिलों जैसे लामलोंग बाजार, काकवा कैथेल और तिद्दिम ग्राउंड से हजारों की संख्या में प्रदर्शनकारी मुख्यमंत्री आवास की ओर मार्च करने के लिए एकत्र हुए। उनकी मुख्य मांगों में शांति की बहाली, नागरिक सुरक्षा, हिंसा के दोषियों पर कार्रवाई और राज्य की क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा शामिल थी।

सुरक्षा बलों ने कांगला किला और पैलेस कंपाउंड जैसे संवेदनशील स्थानों पर बैरिकेडिंग कर प्रदर्शनकारियों को रोकने का प्रयास किया, जिससे दोनों पक्षों के बीच तीखी झड़पें हुईं। भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने कई स्थानों पर आंसू गैस के गोले दागे। विशेष रूप से ख्वैरंबंद इमा कैथल और जॉनस्टोन स्कूल के पास स्थिति बेहद अस्थिर रही। हिंसा के कारण स्थानीय बाजारों में दहशत फैल गई और महिला विक्रेताओं को अपना सामान छोड़कर भागने पर मजबूर होना पड़ा। तनाव के बीच, प्रदर्शनकारियों का एक प्रतिनिधिमंडल मुख्यमंत्री यमनम खेमचंद सिंह से मिलने उनके बंगले पर पहुँचा।

उसी दिन असम के नागांव जिले से एक विचलित करने वाली खबर आई, जहाँ दो अलग-अलग जेलों में दो कैदी मृत पाए गए। जितुमोनी कोंवर, जो अपनी मां की हत्या के प्रयास के आरोप में बंद था, अपनी कोठरी में मृत मिला। वहीं, हत्या के आरोपी रूप सिंह डेरा की मौत विशेष जेल में हुई। नागांव जिला प्रशासन ने इन घटनाओं की मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दिए हैं, जिसकी जिम्मेदारी एडिशनल डिप्टी कमिश्नर गोपाल शर्मा को सौंपी गई है। शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है, ताकि मौत के सही कारणों का पता चल सके। इन घटनाओं ने राज्य की जेल प्रबंधन और कैदियों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

गुवाहाटी हाईकोर्ट द्वारा कांग्रेस नेता पवन खेड़ा की अग्रिम जमानत याचिका खारिज किए जाने के बाद राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि कांग्रेस कानून के तहत सुप्रीम कोर्ट जाने के लिए स्वतंत्र है और उन्हें इस पर कोई आपत्ति नहीं है। यह मामला मुख्यमंत्री की पत्नी रिनिकी भुयान शर्मा द्वारा दर्ज कराई गई प्राथमिकी से संबंधित है।