तीन पासपोर्ट और विदेशी संपत्ति का मामला गरमाया
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हिमंता ने कहा वह हैदराबाद भागा है
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राज्य में फिर से भाजपा की सरकार
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पाकिस्तानी मदद से साजिश रची है
राष्ट्रीय खबर
नईदिल्लीः असम पुलिस की एक टीम ने मंगलवार को कांग्रेस नेता पवन खेड़ा के दिल्ली स्थित आवास पर पहुंची। यह कार्रवाई असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा और उनके परिवार के खिलाफ लगाए गए आरोपों से जुड़े एक मामले के सिलसिले में की गई है। पुलिस के अनुसार, तलाशी के दौरान उनके घर से कुछ आपत्तिजनक सामग्री बरामद हुई है।
यह विवाद तब शुरू हुआ जब कांग्रेस मीडिया विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री सरमा की पत्नी के पास संयुक्त अरब अमीरात, मिस्र और भारत के तीन पासपोर्ट हैं। राज्य के सत्ताधारी भाजपा नेतृत्व ने इन दावों का पुरजोर खंडन किया है।
इस कार्रवाई पर प्रतिक्रिया देते हुए मुख्यमंत्री सरमा ने गुवाहाटी में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कहा, मुझे नहीं पता कि असम पुलिस दिल्ली क्यों गई। जहाँ तक मुझे जानकारी है, पवन खेड़ा पहले ही हैदराबाद भाग चुके हैं। उन्होंने कांग्रेस नेता के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए कहा, मैं पवन खेड़ा के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करूँगा, बस कुछ दिनों का इंतज़ार करें। हम आगामी चुनावों में कम से कम 100 सीटें जीतेंगे।
दूसरी ओर, मुख्यमंत्री की पत्नी रिंकी भुइयां सरमा ने पुष्टि की कि उन्होंने इस मामले में प्राथमिकी दर्ज कराई है। उन्होंने कहा कि इन आरोपों को हल्के में नहीं लिया जा सकता। उन्होंने विपक्ष पर हताशा में काम करने का आरोप लगाते हुए कहा कि वे एक प्लेबुक तैयार करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन अंततः न्याय की जीत होगी। मुख्यमंत्री ने दुबई में अपनी पारिवारिक संपत्तियों से जुड़े दावों को भी खारिज कर दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस द्वारा पेश किए गए दस्तावेज़ अनधिकृत रूप से स्क्राइब्ड जैसे प्लेटफॉर्म से लिए गए थे।
इसके अलावा, सरमा ने कांग्रेस नेताओं गौरव गोगोई और पवन खेड़ा पर निशाना साधते हुए इस विवाद में पाकिस्तानी कनेक्शन होने का आरोप लगाया। उन्होंने सवाल किया, आपने एक पाकिस्तानी सोशल मीडिया ग्रुप की मदद क्यों ली? हमारे बारे में जो कुछ भी कहा गया है, हम उसे लेकर अदालत जाएंगे, लेकिन मेरा सवाल यह है कि पाकिस्तान गौरव गोगोई की मदद क्यों कर रहा है? मुख्यमंत्री ने यह भी दावा किया कि असम में कांग्रेस का अस्तित्व अब खत्म हो चुका है और आगामी चुनावों में एनडीए की स्थिति और मजबूत होगी।