Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
पनीर के बैक्टीरिया पेट की सेहत के लिए वरदान दिल्ली पेलेट गन मामले में पहली FIR दर्ज: राहुल गांधी के 8 घंटे धरने के बाद BNS 118 व 125 में केस एक शब्द का गलत प्रयोग और मोदी की परेशानी पेलेट गन मामले में FIR की मांग पर संसद मार्ग थाने में धरने पर बैठे राहुल गांधी, BJP का पलटवार मसूरी-कैंपटी रोड पर भूस्खलन का कहर: सांझा दरबार के पास मकान और दुकान पूरी तरह ध्वस्त दिल्ली में प्रदूषण पर बड़ा एक्शन: 2,011 फैक्ट्रियों की जांच, 33 पर क्लोजर ऑर्डर और 44 पर लगा भारी जु... 'प्रति व्यक्ति आय में भारत बांग्लादेश से भी पिछड़ा': अरविंद केजरीवाल का केंद्र सरकार पर बड़ा हमला 26/11 मुंबई हमला: हाफिज सईद और लखवी समेत 6 भगोड़ों पर चलेगा इन-एब्सेंटिया ट्रायल, MHA ने इंटरपोल से ... दिमागी नक्सल का वायरस कोलकाता भी आ पहुंचा सहारनपुर में व्यक्ति की चोटी काटकर की मारपीट: फसल पर चलाया ट्रैक्टर, SSP ऑफिस पहुंचे ब्राह्मण समाज क...

Delhi-Dehradun Expressway: अब मात्र 2.5 घंटे में दिल्ली से देहरादून! 8 दिन बाद शुरू होगा सफर; देखें टोल और रूट मैप

 उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के बीच सफर करने वालों के लिए बड़ी खुशखबरी है. दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे (Delhi-Dehradun Expressway) का इंतजार खत्म होने जा रहा है. आगामी 14 अप्रैल को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहारनपुर में इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट का उद्घाटन कर सकते हैं. इसके शुरू होते ही दिल्ली से देहरादून की 210 किलोमीटर की दूरी महज ढाई घंटे में पूरी हो सकेगी.

यह एक्सप्रेसवे दिल्ली के अक्षरधाम से शुरू होकर बागपत, शामली, मुजफ्फरनगर और सहारनपुर होते हुए देहरादून तक जाता है. वर्तमान में गाजियाबाद और दिल्ली के लोगों को देहरादून जाने के लिए मेरठ, मुजफ्फरनगर और हरिद्वार के पुराने रास्तों से होकर गुजरना पड़ता है, जहां अक्सर भारी जाम का सामना करना पड़ता है. नए एक्सप्रेसवे के खुलने से लोग बिना किसी बाधा के सरपट सफर कर सकेंगे.

गाजियाबाद के पास पहुंचने के दो विकल्प

गाजियाबाद के निवासियों के लिए इस एक्सप्रेसवे तक पहुंचना बेहद आसान होगा. उनके पास दो मुख्य रास्ते होंगे. वाहन चालक लोनी के रास्ते सीधे एक्सप्रेसवे पर प्रवेश कर सकते हैं. लोग ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे का उपयोग कर खेकड़ा (मवीकला गांव) के पास से दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर चढ़ सकेंगे.

तीन एक्सप्रेसवे का अनूठा संगम

इस प्रोजेक्ट की सबसे बड़ी खासियत इसका कनेक्टिविटी नेटवर्क है. दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे को बागपत में ईस्टर्न पेरिफेरल से जोड़ा गया है, जबकि ईस्टर्न पेरिफेरल पहले से ही गाजियाबाद में दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे (DME) से जुड़ा है. इन तीनों एक्सप्रेसवे के आपस में जुड़ने से गाजियाबाद, नोएडा और बुलंदशहर के करोड़ों लोगों को सीधा लाभ मिलेगा.

जेब पर कितना पड़ेगा असर?

NHAI ने सफर के लिए टोल दरें भी स्पष्ट कर दी हैं. दिल्ली से देहरादून तक का सफर तय करने के लिए कार चालकों को 675 रुपये का टोल टैक्स चुकाना होगा. वहीं, यदि कोई वाहन 24 घंटे के भीतर वापसी करता है, तो उसे कुल 1010 रुपये टोल देना होगा. NHAI के परियोजना अधिकारी अरविंद कुमार के अनुसार, दिल्ली से लोनी और लोनी से बागपत तक के दो खंड पहले ही चालू हैं, और अब सहारनपुर में होने वाले मुख्य कार्यक्रम के साथ पूरे रूट को जनता के लिए समर्पित कर दिया जाएगा.