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अजीत पवार विमान दुर्घटना में सीबीआई जांच की मांग

सुनेत्रा पवार ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को पत्र सौंपा

मुंबई: उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के अन्य सदस्यों ने मंगलवार को मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात की और 28 जनवरी को हुई उस विमान दुर्घटना की सीबीआई जांच की मांग की, जिसमें अजीत पवार की मृत्यु हो गई थी। राकांपा के प्रदेश अध्यक्ष सुनील तटकरे ने पत्रकारों को बताया कि मुख्यमंत्री ने उन्हें आश्वासन दिया है कि राज्य सरकार इस संबंध में केंद्रीय गृह मंत्रालय से संपर्क करेगी।

तटकरे ने कहा, सरकार ने पहले ही स्वतंत्र एजेंसियों के माध्यम से जांच शुरू कर दी है और कहा है कि वह सीबीआई जांच का आदेश देगी। हमारा मानना है कि केंद्रीय एजेंसी द्वारा की गई जांच अधिक व्यापक और विस्तृत होगी। सुनेत्रा पवार के साथ उनके बड़े बेटे पार्थ पवार और अन्य नेताओं ने मुख्यमंत्री को एक पत्र सौंपकर आधिकारिक रूप से सीबीआई जांच का आग्रह किया। ज्ञात हो कि बारामती में हुई इस दुर्घटना में अजीत पवार सहित चार अन्य लोगों की जान चली गई थी।

मुख्यमंत्री को सौंपे गए पत्र में राकांपा ने कहा, घटना से जुड़े कई पहलू गंभीर आशंकाओं को जन्म देते हैं, जिनकी जांच एक स्वतंत्र केंद्रीय एजेंसी द्वारा किया जाना आवश्यक है। पत्र में उठाए गए महत्वपूर्ण सवालों में शामिल हैं। उड़ान चालक दल (फ्लाइट क्रू) की संरचना में अंतिम समय में किए गए बदलाव, जिसकी परिचालन संबंधी निर्णय लेने की प्रक्रिया और प्राधिकरण की जांच जरूरी है।

एयर ट्रैफिक कंट्रोल संचार और रनवे क्लीयरेंस के अनुक्रम में स्पष्ट विसंगतियां। विमान में लगे महत्वपूर्ण सुरक्षा चेतावनी प्रणालियों (सेफ्टी वार्निंग सिस्टम) की कार्यक्षमता और अखंडता को लेकर चिंताएं। लैंडिंग चरण के करीब होने के बावजूद किसी भी संकटकालीन संचार का रिकॉर्ड न होना।

चालक दल की फिटनेस, रखरखाव अनुपालन और विमान प्रणालियों का फॉरेंसिक मूल्यांकन। पार्टी का कहना है कि चूंकि इस घटना की जांच में अत्यधिक तकनीकी विमानन, फॉरेंसिक, इलेक्ट्रॉनिक और परिचालन संबंधी पहलू शामिल हैं, इसलिए सीबीआई की तकनीकी विशेषज्ञता और अंतर-राज्यीय क्षेत्राधिकार क्षमता इसे इस व्यापक जांच के लिए सबसे उपयुक्त एजेंसी बनाती है। राकांपा ने जोर दिया कि यह घटना सामान्य दुर्घटना से परे है और यह विमानन सुरक्षा, नियामक निरीक्षण और संस्थागत जवाबदेही में जनता के विश्वास से जुड़ी है।

सुनील तटकरे ने स्पष्ट किया कि राकांपा विधायक दल पूरी तरह से सुनेत्रा पवार के साथ है और पार्टी में कोई मतभेद नहीं है। उन्होंने यह भी बताया कि भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष रवींद्र चव्हाण ने उनसे मुलाकात कर जिला परिषद चुनावों में जीत के बाद महायुति गठबंधन की भविष्य की रणनीति पर चर्चा की। साथ ही, उन्होंने एनसीपी मंत्री नरहरि झिरवाल के कार्यालय में रिश्वतखोरी जैसी घटनाओं पर चिंता जताते हुए कहा कि इससे सरकार और मंत्रियों की छवि धूमिल होती है।