सी ग्रेड फिल्म से बुरा है हिमंता का पूरा बयान
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उनके पाक कनेक्शन की होगी जांच
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फिर से अली तौकीर शेख का उल्लेख
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युवाओं को लेकर पाकिस्तान दूतावास गए थे
भूपेन गोस्वामी
गुवाहाटी: असम में विधानसभा चुनाव से पहले राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष और सांसद गौरव गोगोई तथा उनकी पत्नी एलिजाबेथ कोलबर्न गोगोई पर गंभीर आरोप लगाते हुए उनके पाकिस्तानी कनेक्शन की जांच केंद्रीय एजेंसी से कराने की सिफारिश की है।
मुख्यमंत्री ने गुवाहाटी में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान दावा किया कि गौरव गोगोई की पत्नी एलिजाबेथ 2011-12 के दौरान पाकिस्तान में कार्यरत थीं और उन्होंने नौ बार वहां की यात्रा की। सीएम के अनुसार, उनके संबंध अली तौकीर शेख नामक एक पाकिस्तानी नागरिक से रहे हैं। आरोप है कि एक पाकिस्तानी कंपनी ने एलिजाबेथ को नौकरी देकर भारत स्थानांतरित किया था, लेकिन उनके वेतन का भुगतान कथित तौर पर शेख द्वारा किया जाता था। मुख्यमंत्री का दावा है कि एलिजाबेथ भारत से जुड़ी संवेदनशील जानकारियां एकत्र कर अली शेख को रिपोर्ट करती थीं।
गौरव गोगोई पर हमला बोलते हुए शर्मा ने कहा कि गोगोई युवाओं के एक प्रतिनिधिमंडल को लेकर पाकिस्तान दूतावास गए थे। उन्होंने सवाल उठाया कि केवल लाहौर का वीजा होने के बावजूद पाकिस्तानी गृह मंत्रालय ने हस्तक्षेप कर उन्हें इस्लामाबाद और कराची क्यों बुलाया? मुख्यमंत्री ने उस दौरान गोगोई के 10 दिनों के डिजिटल साइलेंस पर भी सवाल उठाए और अंदेशा जताया कि क्या उन्हें वहां कोई विशेष प्रशिक्षण दिया गया था।
राज्य सरकार द्वारा गठित एसआईटी ने पिछले साल सितंबर में अपनी रिपोर्ट सौंपी थी। इस रिपोर्ट के आधार पर असम कैबिनेट ने मामले की गंभीरता और राष्ट्रीय सुरक्षा को देखते हुए इसकी जांच केंद्रीय गृह मंत्रालय को सौंपने का निर्णय लिया है। भाजपा और मुख्यमंत्री लगातार गोगोई परिवार के संबंधों को पाकिस्तानी जासूसी एजेंसी आईएसआई से जोड़कर हमलावर हैं।
गोगोई ने असम के सीएम की ओर से लगाए गए आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। उन्होंने इसे सुपर फ्लॉप करार दिया है। उन्होंने एक्स पर किए गए पोस्ट में कांग्रेस सांसद ने लिखा, मुझे दिल्ली और असम के उन पत्रकारों पर दया आती है, जिन्हें सदी की सबसे फ्लॉप प्रेस कॉन्फ्रेंस झेलनी पड़ी। यह सी-ग्रेड सिनेमा से भी बदतर थी।
स्वघोषित राजनीतिक चतुर मुख्यमंत्री द्वारा बेहद बेतुके और फर्जी तर्क दिए गए। यह सुपर फ्लॉप शो हमारी समय परिवर्तन यात्रा के बिल्कुल विपरीत है, जो मुख्यमंत्री और उनके परिवार के सदस्यों द्वारा कब्जा की गई 12,000 बीघा जमीन को उजागर करने में सफल रही है।