Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
सिंधिया राजघराने की ₹40,000 करोड़ की संपत्ति विवाद में आज जिला कोर्ट में सुनवाई, महासमझौते पर टिकी न... भोपाल में साइबर ठगों का बड़ा नेटवर्क सक्रिय, 3 अलग-अलग मामलों में 6.58 लाख रुपये की ठगी; जीरो FIR दर... जबलपुर में एडिशनल एसपी अनु बेनीवाल का बड़ा एक्शन! भ्रूण लिंग परीक्षण करने वाला 'आरके अग्रवाल डायग्नो... निशातपुरा रेलवे स्टेशन पर शुरू हुईं नियमित यात्री सेवाएं, CM डॉ. मोहन यादव ने मालवा और सोमनाथ एक्सप्... दमोह में स्कूल के पास खुले गड्ढे में डूबने से 2 मासूमों की मौत, ओंकारेश्वर में सेप्टिक टैंक ने ली बच... छिंदवाड़ा-पांढुर्णा के लिए रेल सुविधाओं की लंबी लिस्ट! सांसद बंटी साहू ने रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ... निवाड़ी में कंटेंट क्रिएटर यशपाल सोनी पर FIR, स्टूडेंट प्रोटेस्ट के दौरान अभद्र टिप्पणी का आरोप जंतर-मंतर पर CJP प्रदर्शन के दौरान पैलेट गन के इस्तेमाल पर बवाल, सुप्रीम कोर्ट में रोक लगाने की याचि... गांदरबल में बड़ा हादसा! अमरनाथ श्रद्धालुओं से भरी बस खाई में गिरी, 39 यात्री घायल; सेना ने चलाया रेस... लखनऊ में दरोगा ने काटा बिजली कर्मी का ₹6000 का चालान, गुस्साए कर्मचारियों ने थाने-चौकी की काटी बिजली...

ज़ेलेंस्की शांति वार्ता की तैयारियों के बीच लंदन पहुँचे

अमेरिकी प्रस्ताव पर असहमति के बाद विकल्पों की तलाश जारी

लंदन: यूक्रेन के राष्ट्रपति वलोडिमिर ज़ेलेंस्की रूस के साथ संभावित शांति वार्ता की रूपरेखा को अंतिम रूप देने की तैयारियों के बीच हत्वपूर्ण समर्थन जुटाने के उद्देश्य से प्रमुख यूरोपीय नेताओं से मुलाकात करने के लिए लंदन पहुँचे हैं। उनकी इस उच्च-दांव वाली यात्रा का प्राथमिक उद्देश्य यूक्रेन के लिए आवश्यक सैन्य और वित्तीय समर्थन के प्रवाह को निर्बाध रूप से जारी रखना है। इसके साथ ही, उनका लक्ष्य उन अंतरराष्ट्रीय राजनयिक प्रयासों को मजबूत करना है जो रूस के आक्रमण के बाद शुरू हुए युद्ध को समाप्त करने के लिए एक न्यायसंगत, टिकाऊ और व्यापक समाधान ढूंढने में लगे हुए हैं।

लंदन पहुँचने पर, राष्ट्रपति ज़ेलेंस्की ने ब्रिटिश प्रधानमंत्री  और अन्य शीर्ष रक्षा एवं विदेश नीति अधिकारियों के साथ गहन चर्चाएँ कीं। इन मुलाकातों में, ज़ेलेंस्की ने यूक्रेन की रक्षा क्षमताओं को और अधिक मजबूत करने के लिए दीर्घकालिक सुरक्षा गारंटी की सख्त आवश्यकता पर बल दिया। उनका तर्क है कि ऐसी गारंटी ही भविष्य में रूस के संभावित पुन: आक्रमण को रोक सकती है और यूरोप में स्थायी शांति सुनिश्चित कर सकती है।

ज़ेलेंस्की की यह विदेश यात्रा ऐसे निर्णायक समय में हो रही है जब कई मित्र राष्ट्र युद्ध को समाप्त करने के लिए एक अंतरराष्ट्रीय शांति शिखर सम्मेलन आयोजित करने की योजना बना रहे हैं। इस शिखर सम्मेलन का केंद्र बिंदु यूक्रेन की विस्तृत “पीस फॉर्मूला” नामक शांति योजना होगी। इस योजना में कई प्रमुख और गैर-समझौतावादी माँगें शामिल हैं: इनमें रूस द्वारा कब्जे वाले सभी यूक्रेनी क्षेत्रों से पूर्ण और तत्काल वापसी, यूक्रेन की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त क्षेत्रीय अखंडता की पूर्ण बहाली, और युद्ध के दौरान हुए युद्ध अपराधों के लिए रूस की जवाबदेही सुनिश्चित करना शामिल है।

हालाँकि रूस लगातार इन शर्तों को पूरी तरह से खारिज करता रहा है और बातचीत के लिए अपनी शर्तों पर जोर देता है, पश्चिमी देशों के नेताओं का दृढ़ विश्वास है कि केवल युद्ध के मैदान पर यूक्रेन की मजबूत स्थिति ही भविष्य में बातचीत की मेज पर प्रभावी और अनुकूल परिणाम ला सकती है। अपनी बैठकों के दौरान, ज़ेलेंस्की ने यूरोपीय देशों से रूस पर लगाए गए प्रतिबंधों को और अधिक कड़ा करने और यूक्रेन को आधुनिक हथियार प्रणालियों (जैसे लंबी दूरी की मिसाइलें और वायु रक्षा) की आपूर्ति में तेज़ी लाने का भावनात्मक आग्रह किया है।

यह यात्रा स्पष्ट रूप से दर्शाती है कि युद्ध के तीसरे वर्ष में प्रवेश करने के बावजूद, संघर्ष को समाप्त करने के लिए राजनयिक प्रयास अब भी जोर पकड़ रहे हैं और वैश्विक समर्थन लगातार बना हुआ है, भले ही ज़मीन पर गोलाबारी और भीषण लड़ाई अभी भी जारी हो।