Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
बिलासपुर केंद्रीय जेल में बंदी की मौत पर 2 साल बाद बड़ा एक्शन: PM रिपोर्ट में सिर पर गंभीर चोट का खु... कोरबा में ₹402 करोड़ पहुंचा कुल बिजली बिल बकाया! ग्राम पंचायतों और शिक्षा विभाग पर सबसे ज्यादा उधारी... कांकेर में दिल दहला देने वाला हादसा: नल-जल योजना के गड्ढे में जिंदा दफन हुआ मजदूर, 4 दिन बाद बैठी हु... बिजली दरों में बढ़ोतरी और स्मार्ट मीटर के खिलाफ छत्तीसगढ़ कांग्रेस का हल्ला बोल: 4 चरणों में होगा प्... कोरबा के बांगो बांध ने तोड़ा 3 साल का रिकॉर्ड: 83% से अधिक भरा जलाशय, जल्द खुल सकते हैं गेट जम्मू-कश्मीर के कुलगाम में कायराना आतंकी हमला! छत्तीसगढ़ के दो युवाओं ने तोड़ा दम, सीएम साय ने दी श्... कांकेर में कलयुगी बेटे ने मां को लट्ठ से मार उतारा था मौत के घाट: शव को फांसी पर लटकाया, अदालत ने दी... एमपी सरकार ने किसानों के हित में लिए 2 बड़े फैसले, खाद वितरण में 'हाइब्रिड मोड' लागू व मूंग-उड़द खरी... एमपी में मूंग-उड़द की सरकारी खरीद की अंतिम तिथि बढ़ी! 10 अगस्त तक स्लॉट बुकिंग, खाद वितरण का बदला नि... इंदौर में श्री मानभद्र भक्ति महोत्सव की धूम: आचार्य कुमुदनंद और विप्रणत सागर का मिला सान्निध्य, 10 ह...

नासा का सुपरसोनिक जेट परीक्षण सफल

अब दुनिया में हवाई यात्रा की तकनीक शायद बदलेगी

वाशिंगटनः अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा ने हाल ही में अपने अत्याधुनिक सुपरसोनिक विमान, जिसे एक्स-59 कहा जाता है, का सफलतापूर्वक परीक्षण कर लिया है। यह एक ऐतिहासिक मील का पत्थर है जो व्यावसायिक हवाई यात्रा के भविष्य को बदलने की क्षमता रखता है। एक्स-59 की सबसे बड़ी खासियत इसका डिज़ाइन है, जिसे ध्वनि की गति से तेज उड़ान भरने पर होने वाले सोनिक बूम को कम करने के लिए बनाया गया है।

पारंपरिक सुपरसोनिक विमान जब ध्वनि की गति को पार करते हैं, तो एक तेज धमाका होता है, जिसे सोनिक बूम कहते हैं। यह शोर इतना तीव्र होता है कि कई देशों ने ध्वनि की गति से तेज उड़ानों पर आवासीय क्षेत्रों के ऊपर प्रतिबंध लगा रखा है।

एक्स-59 को इस तरह से डिज़ाइन किया गया है कि यह सोनिक बूम को एक धीमी सोनिक थंप या दबी हुई आवाज़ में बदल देता है, जो जमीन पर बहुत कम सुनाई देगी। परीक्षण उड़ानें बेहद सफल रहीं, और नासा अब इस तकनीक के व्यावसायीकरण की दिशा में आगे बढ़ने की तैयारी कर रहा है। यदि यह तकनीक सफल हो जाती है, तो दुनिया भर में सुपरसोनिक उड़ानों पर लगे प्रतिबंध हटाए जा सकते हैं, जिससे यात्रियों को न्यूयॉर्क से लंदन या अन्य लंबी दूरी के गंतव्यों तक बहुत कम समय में यात्रा करने का मौका मिलेगा।

यह परियोजना नासा के क्विट सुपरसोनिक टेक्नोलॉजी मिशन का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य भविष्य की विमानन उद्योग की मांगों को पूरा करना है। परीक्षण के दौरान विमान ने उच्च गति पर अपेक्षित प्रदर्शन किया और ध्वनि को कम करने की अपनी क्षमता का प्रदर्शन किया। नासा अब इस तकनीक पर लोगों की प्रतिक्रिया जानने के लिए विभिन्न स्थानों पर उड़ानें आयोजित करने की योजना बना रहा है।

इस सफलता से विमानन उद्योग में एक नया युग शुरू हो सकता है, जहाँ सुपरसोनिक यात्रा फिर से आम हो सकती है, जैसा कि कभी कॉनकॉर्ड के दिनों में था, लेकिन इस बार शोर की समस्या के बिना। यह भारत जैसे बड़े देशों के लिए भी महत्वपूर्ण है, जहाँ लंबी दूरी की यात्रा में लगने वाले समय को काफी कम किया जा सकता है।