Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Parliament News: 'PM की सीट घेरी, चैंबर में चिल्लाए', विपक्ष के खिलाफ एकजुट हुईं BJP की महिला सांसद;... Ranchi Crime: रांची में वैलेंटाइन वीक पर खूनी खेल; शादीशुदा प्रेमी की हत्या कर प्राइवेट पार्ट काटा, ... Maharashtra Liquor Ban: महाराष्ट्र के इस गांव में शराबबंदी के लिए हुई वोटिंग, जानें महिलाओं ने बाजी ... Weather Update: दिल्ली में समय से पहले 'हीटवेव' का डर, 27 डिग्री पहुंचा पारा; यूपी-बिहार में कोहरे क... Raj Thackeray on Mohan Bhagwat: 'हिंदी थोपने वाली सरकार पर बोलें भागवत', भाषा विवाद पर राज ठाकरे का ... Khatu Shyam Mandir: खाटूश्याम मंदिर में SHO की गुंडागर्दी! युवक को कॉलर से खींचा, जमीन पर पटका; वीडि... Mathura Mass Suicide: मथुरा में सामूहिक आत्मघाती कदम, 5 सदस्यों की मौत से इलाके में दहशत, सुसाइड नोट... CM Yogi in Sitapur: 'बंट गए तो कटने के रास्ते खुल जाएंगे', सीतापुर में सीएम योगी ने दुश्मनों को लेकर... वित्त मंत्री अपना पिछला वादा भूल गयीः चिदांवरम शीर्ष अदालत में पश्चिम बंगाल एसआईआर मुद्दे पर सुनवाई

पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच सीमा पर तनाव में वृद्धि

धमाकों की खबर ने दोनों तरफ सतर्कता फैलायी

काबुलः खबर के अनुसार, तनाव तब नाटकीय रूप से बढ़ गया जब काबुल में सिलसिलेवार धमाकों की खबरें आईं। रिपोर्ट्स और चश्मदीदों के अनुसार, ये विस्फोट सीमा पार से किए गए हवाई हमलों का परिणाम हो सकते हैं।

कुछ मीडिया रिपोर्ट्स ने संकेत दिया कि पाकिस्तान ने टीटीपी के ठिकानों को निशाना बनाते हुए काबुल में हवाई हमला किया, जो क्षेत्रीय तनाव में एक बड़ी वृद्धि है। कुछ स्थानीय रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह हवाई हमला कथित तौर पर टीटीपी प्रमुख नूर वली महसूद को निशाना बनाने के उद्देश्य से किया गया था, हालांकि पाकिस्तान ने आधिकारिक तौर पर इसकी पुष्टि नहीं की है।

यह हमला पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ द्वारा नेशनल असेंबली में दिए गए एक तीखे बयान के कुछ ही घंटों बाद हुआ। आसिफ ने अफगानिस्तान को स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा था, बस, अब बहुत हो गया। हमारा धैर्य समाप्त हो गया है। उन्होंने जोर देकर कहा कि पाकिस्तान अब अपनी धरती पर आतंकवाद को बर्दाश्त नहीं करेगा और अफगानिस्तान को टीटीपी के खिलाफ कार्रवाई करनी होगी, अन्यथा परिणाम भुगतने के लिए तैयार रहना होगा।

टीटीपी, जिसे पाकिस्तानी तालिबान भी कहा जाता है, पाकिस्तान में कई घातक हमलों और आत्मघाती बम विस्फोटों के लिए जिम्मेदार है। पाकिस्तान लंबे समय से यह आरोप लगाता रहा है कि टीटीपी के आतंकवादी अफगानिस्तान की धरती का इस्तेमाल पाकिस्तान में हमले करने और वहाँ सुरक्षित पनाहगाह बनाने के लिए कर रहे हैं। तालिबान के 2021 में अफगानिस्तान की सत्ता संभालने के बाद पाकिस्तान ने उम्मीद की थी कि तालिबान टीटीपी पर कार्रवाई करेगा, लेकिन ऐसा नहीं हुआ।

पाकिस्तानी सैन्य काफिलों और चौकियों पर टीटीपी के हमलों में हाल के दिनों में पाकिस्तानी सैनिकों को भारी नुकसान उठाना पड़ा है, जिसने इस्लामाबाद को कठोर कदम उठाने के लिए प्रेरित किया है।

अफगान तालिबान सरकार ने पाकिस्तान के हवाई हमलों की कड़ी निंदा करते हुए इसे अपनी संप्रभुता का खुला उल्लंघन बताया है। तालिबान ने अतीत में ऐसी कार्रवाइयों के खिलाफ जवाबी कार्रवाई करने की चेतावनी भी दी है। तालिबान ने भी पाकिस्तान पर सीमा पार से गोलाबारी करने और डूरंड लाइन सीमा विवाद पर तनाव बढ़ाने का आरोप लगाया है।

यह घटनाक्रम उस समय हुआ है जब अफगान तालिबान के विदेश मंत्री आमिर खान मुत्तकी एक राजनयिक दौरे पर भारत में हैं। कुछ विश्लेषकों का मानना है कि पाकिस्तान ने यह हमला जानबूझकर मुत्तकी के भारत दौरे के समय किया ताकि तालिबान और भारत दोनों को एक कड़ा संदेश दिया जा सके, क्योंकि भारत और अफगानिस्तान के बीच द्विपक्षीय संबंध बढ़ रहे हैं।