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नितिन गडकरी के बेटे की कंपनियों को लाभ

कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेडा ने प्रेस कांफ्रेंस कर जानकारी दी

  • एथेनॉल के कारोबार पर उठाये सवाल

  • दोनों पुत्र इसी के कारोबार में शामिल

  • दोनों की संपत्ति भी इस दौरान बढ़ी

राष्ट्रीय खबर

नईदिल्लीः कांग्रेस ने केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी पर निशाना साधा है। कांग्रेस के मीडिया विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा ने एक संवाददाता सम्मेलन में आरोप लगाया कि गडकरी के दोनों बेटे, निखिल और सारंग, पेट्रोल में एथेनॉल मिश्रण की नीति से लाभ कमा रहे हैं। खेड़ा ने इसे हितों का टकराव बताते हुए कहा कि पिता सरकार में नीतियां बना रहे हैं, और उनके बेटे अपनी कंपनियों के माध्यम से उन्हीं नीतियों से पैसे कमा रहे हैं। उनका इशारा गडकरी के बेटों द्वारा संचालित एथेनॉल बनाने वाली कंपनियों की ओर था।

पवन खेड़ा के अनुसार, नितिन गडकरी के बेटे निखिल की कंपनी सियान एग्रो और सारंग की कंपनी मानस एग्रो इंडस्ट्री एथेनॉल का उत्पादन करती हैं। खेड़ा ने आँकड़े पेश करते हुए कहा कि निखिल की कंपनी का राजस्व जून 2024 में 18 करोड़ रुपये था, जो एक साल बाद जून 2025 में बढ़कर 723 करोड़ रुपये हो गया। इसी तरह, कंपनी के शेयर की कीमत भी जनवरी 2025 में 37 से बढ़कर 638 हो गई।

उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि भले ही सरकार ने 2025 की समय-सीमा से पहले ही पेट्रोल में 20 फीसद एथेनॉल मिश्रण का लक्ष्य हासिल कर लिया है, लेकिन इससे आम जनता को कोई आर्थिक लाभ नहीं हुआ है। पेट्रोल की कीमतें कम नहीं हुईं। खेड़ा ने इसे भतीजों पर कृपा बताया और प्रधानमंत्री मोदी पर भी निशाना साधा।

गौरतलब है कि राष्ट्रीय जैव ईंधन नीति 2018 के तहत, सरकार ने पेट्रोल में एथेनॉल मिश्रण को बढ़ावा दिया है, जिसका लक्ष्य 2025 तक 20 फीसद मिश्रण हासिल करना था। हालाँकि, कुछ विशेषज्ञों का मानना है कि समय से पहले 20 फीसद एथेनॉल मिलाने से उन गाड़ियों के इंजन को नुकसान हो रहा है जो बीएस-6 मानक पर आधारित नहीं हैं। भारत में अभी भी बड़ी संख्या में बीएस-4 इंजन वाली गाड़ियाँ चल रही हैं।