दोहरे चरित्र के लोग हैं ध्यान बंटाना चाहते हैं
राष्ट्रीय खबर
नईदिल्लीः राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के नेता तेजस्वी यादव ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा पर दोहरे चरित्र की राजनीति करने और वोट-चोरी से ध्यान भटकाने का आरोप लगाया है। एक लंबे सोशल मीडिया पोस्ट में, उन्होंने पीएम मोदी के पिछले बयानों और भाजपा नेताओं के कृत्यों को याद दिलाते हुए कहा कि जब विपक्ष कुछ कहता है, तो उसे अपशब्द माना जाता है, लेकिन भाजपा नेताओं के आपत्तिजनक बयानों को शानदार भाषण बताया जाता है।
तेजस्वी ने पीएम मोदी द्वारा मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के डीएनए पर की गई टिप्पणी, भाजपा नेताओं द्वारा महिलाओं के खिलाफ दिए गए अपशब्दों और मणिपुर में महिलाओं के साथ हुई हिंसा का ज़िक्र किया। उन्होंने आरोप लगाया कि जब किसान आंदोलन, पुलवामा, या गलवान घाटी में सैनिक मारे गए, तो पीएम मोदी चुप रहे।
तेजस्वी ने अपने पोस्ट की शुरुआत मां तो मां होती है कहकर की, और जोर दिया कि किसी को भी किसी की भी मां, बहन, या बेटी के बारे में अपशब्द नहीं बोलना चाहिए। उन्होंने पीएम मोदी पर प्रज्वल रेवन्ना के लिए चुनाव प्रचार करने का आरोप लगाते हुए पूछा कि क्या ऐसे कृत्य मास्टर स्ट्रोक माने जाते हैं?
तेजस्वी ने भाजपा नेताओं के अपमानजनक बयानों और कृत्यों पर सवाल उठाए, जैसे कि एक प्रवक्ता को बलात्कार की धमकी देने वाले नेता का सम्मान करना, और बिहारियों को गुजरात में गाली दिए जाने पर प्रधानमंत्री की चुप्पी। उनका कहना है कि भाजपा के नेता दिखावे के लिए आंसू बहाते हैं, जबकि असली मुद्दों पर वे चुप रहते हैं।
तेजस्वी ने यह भी कहा कि भाजपा वोटर अधिकार यात्रा की सफलता से घबराई हुई है और इसी वजह से मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए ऐसे प्रपंच रच रही है। उन्होंने कहा कि देश की जनता सब कुछ समझती है और यह दिखावटी, मिलावटी राजनीति अब नहीं चलेगी।