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बड़े भूकंप के बाद ज्वालामुखी विस्फोट

रूस सरकार की घटनाक्रमों पर कड़ी नजर है

मॉस्कोः दुनिया के कई भूकंप नेटवर्क केंद्रों द्वारा जारी रिपोर्ट के अनुसार, रूस में एक बड़ा भूकंप 50 किलोमीटर की गहराई पर आया। स्थानीय मीडिया ने रविवार, 18 अगस्त को बताया कि देश के पूर्वी तट पर आए 7.0 तीव्रता के भूकंप के बाद रूस के कामचटका क्षेत्र में शिवलुच ज्वालामुखी फट गया।

राज्य के स्वामित्व वाली तास समाचार एजेंसी ने रूसी विज्ञान अकादमी की सुदूर पूर्वी शाखा के ज्वालामुखी और भूकंप विज्ञान संस्थान का हवाला देते हुए बताया कि ज्वालामुखी से राख और लावा निकलना शुरू हो गया है। रिपोर्ट में वैज्ञानिकों के हवाले से कहा गया है, शिवलुच ज्वालामुखी का विस्फोट शुरू हो गया है… दृश्य मूल्यांकन के अनुसार, राख का स्तंभ समुद्र तल से 8 किलोमीटर ऊपर उठ रहा है।

इससे पहले शनिवार रात (स्थानीय समय) को, कामचटका के पूर्वी तट से दूर एक समुद्री क्षेत्र में 7.0 तीव्रता का भूकंप आया।

भूकंप का केंद्र 52.8 डिग्री उत्तरी अक्षांश और 160.15 डिग्री पूर्वी देशांतर पर था। चीन भूकंप नेटवर्क केंद्र द्वारा जारी एक रिपोर्ट के अनुसार, भूकंप 50 किलोमीटर की गहराई पर आया। अमेरिका के राष्ट्रीय सुनामी चेतावनी केंद्र ने शुरू में सुनामी की चेतावनी जारी की थी, लेकिन बाद में कहा कि खतरा टल गया है।

रूसी आपात मंत्रालय ने सुनामी की कोई चेतावनी जारी नहीं की थी। भूकंप के बाद प्रशांत महासागर में कामचटका के पास 3.9 से 5.0 की तीव्रता वाले कई झटके महसूस किए गए। मंत्रालय के हवाले से तास ने बताया कि इनमें से ज़्यादातर झटके ज़मीन पर महसूस नहीं किए गए। इसके बाद भी ज्वालामुखी विस्फोट अथवा दोबारा भूकंप आने की स्थिति पर रूस की सरकार की कड़ी नजर है। वहां की आपात सेवा को भी स्थिति पर नजर रखने तथा जरूरत पड़ने पर त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश जारी कर दिये गये हैं।