Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Baba Siddique Murder Case: आरोपी आकाशदीप करज सिंह को बॉम्बे हाई कोर्ट से मिली जमानत, बड़ी राहत Sharad Pawar Health Update: शरद पवार की तबीयत बिगड़ी, सांस लेने में तकलीफ के बाद पुणे के अस्पताल में... Bihar Governance: बिहार के सामान्य प्रशासन विभाग को मिला ISO सर्टिफिकेट, सीएम नीतीश कुमार की प्रशासन... नीतीश कुमार की फिसली जुबान? राबड़ी देवी को देख बोले- 'ई जो लड़की है...', बिहार विधान परिषद में हाई व... Tarn Taran Shootout Update: प्यार में रिजेक्शन या कुछ और? लॉ स्टूडेंट की फायरिंग का वीडियो आया सामने Kanpur Lamborghini Accident: वीडियो में दिखा आरोपी शिवम, फिर FIR से नाम क्यों गायब? कानपुर पुलिस पर ... Bhopal Hospital Fraud: भोपाल के सरकारी अस्पताल में मौत का डर दिखाकर ठगी, मरीजों के परिजनों से 'इलाज'... Darbhanga News: दरभंगा में बच्ची से दरिंदगी के बाद भारी बवाल, 230 लोगों पर FIR; SSP ने दिया 'स्पीडी ... Basti Daroga Death: बस्ती से लापता दारोगा का अयोध्या में मिला शव, सरयू नदी में लाश मिलने से मची सनसन... Weather Update: दिल्ली में गर्मी या फिर लौटेगी ठंड? यूपी-बिहार में कोहरा और पहाड़ों पर बर्फबारी का अ...

ईडी ने वरीय आईएएस की पत्नी को दूसरा समन भेजा

राज्य कैबिनेट के फैसले के बाद उलझ गये हैं सारे ऐसे मामले

रांची: प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने फिर से रांची सिटी में भूमि लेनदेन और मनी लॉन्ड्रिंग में कथित अनियमितताओं के संबंध में एक वरिष्ठ आईएएस अधिकारी अविनाश कुमार की पत्नी प्रीति कुमार को समन भेजकर बुलाया है। ईडी ने प्रीति को शुक्रवार को रांची में अपने क्षेत्रीय कार्यालय में उपस्थित होने के लिए कहा है। उसे एक ऐसी भूमि के संबंध में बुलाया गया है जिस पर बर्लिन अस्पताल बनाया गया है। एड ने उसे 3 जनवरी को उसी मामले में बुलाया था, लेकिन वह उस तिथि को वहां उपस्थित नहीं हुई थीं। केंद्रीय एजेंसी ने गुरुवार को साहिबगंज के उपायुक्त, राम निवास यादव को 1,250 करोड़ रुपये के अवैध खनन के संबंध में भी बुलाया है।

इस बीच राज्य कैबिनेट द्वारा पारित प्रस्ताव के कारण किसी भी सरकारी अधिकारी अथवा कर्मचारी का सीधे ईडी के समन पर संज्ञान लेना अब प्रतिबंधित कर दिया गया है। सरकार ने कहा है कि केंद्रीय एजेंसियों से समन मिलने पर संबंधित व्यक्ति अपने विभाग के माध्यम से कैबिनेट समन्वय और सतर्कता विभाग को सूचित करेगा, जो आवश्यक दिशा जारी करेगा। एक वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी ने कहा कि संबंधित विभाग द्वारा पत्र जारी किए जाने के बाद ही नियम लागू होंगे।

उपायुक्त यादव ने भी प्रवर्तन निदेशालय द्वारा जारी सम्मन पर अपना रुख स्पष्ट नहीं किया। दूसरी तरफ दिल्ली में भी मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने ईडी के लिखित उत्तर में कहा, उनके गैर-प्रकटीकरण और गैर-प्रतिक्रिया दृष्टिकोण कानून, इक्विटी या न्याय की परीक्षा को बनाए नहीं रख सकते हैं।

प्रवर्तन निदेशालय केजरीवाल की प्रतिक्रिया की जांच कर रहा है और कथित आबकारी नीति मामले में उनकी भागीदारी के लिए चौथा सम्मन जारी कर सकता है। झारखंड में मुख्यमंत्री को समन जारी किये जाने पर खुद मुख्यमंत्री ने ही इसे नकार दिया है। मुख्यमंत्री ने साफ तौर पर कहा है कि ईडी के जरिए राजनीतिक साजिश की जा रही है और वह ऐसे कार्रवाई का हिस्सा नहीं बनेंगे।

उन्होंने सत्तारूढ़ पक्ष के विधायकों की बैठक के बाद भी साफ कर दिया है कि उनके बारे में मीडिया के एक वर्ग द्वारा अफवाह फैलायी जा रही है, जो भाजपा की साजिश का हिस्सा है। वह ना तो इस्तीफा देने जा रहे हैं और ना ही राज्य नेतृत्व में कोई परिवर्तन होने वाला है।