Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Haryana News: मानवाधिकार आयोग का कड़ा फैसला; हरियाणा के हर जिले में सरकारी शव वाहन अनिवार्य, सरकार क... Panipat News: पानीपत में शर्मनाक! आपत्तिजनक वीडियो बनाकर सालों से रेप कर रहा था एक्स बॉयफ्रेंड; पति ... Crime News: पार्टी से लौटे युवक की खेत में मिली लाश; हत्या या आत्महत्या? गुत्थी सुलझाने में जुटी पुल... सत्ता का दुरुपयोग करने वालों के लिए सबक: खेड़ा Panchkula Police Action: दिल्ली से चल रहे फर्जी कॉल सेंटर नेटवर्क का भंडाफोड़; लाखों की ठगी करने वाल... तृणमूल कांग्रेस की चुनाव आयोग के खिलाफ याचिका खारिज देश भर के अधिकांश मोबाइलों में बजा सायरन बंगाल के चौबीस परगना की दो सीटों पर दोबारा वोट विरोध और उकसावे के बीच बड़ा अंतर होता है भाजपा का दांव अब भाजपा पर आजमा रही है आप

यूक्रेन में रोमानियाई स्वयंसेवक सैनिक की मृत्यु

कियेबः अंतरराष्ट्रीय सेना के एक हिस्से के रूप में लड़ने वाला रोमानिया का एक स्वयंसेवक यूक्रेन में अग्रिम पंक्ति में मारा गया है। रोमानियाई मीडिया स्रोतों ने इस बात की जानकारी दी है। इससे रूस का यह आरोप एक बार फिर सच साबित होता है कि दरअसल यूक्रेन को आगे कर पश्चिमी देश ही रूस के खिलाफ यह युद्ध लड़ रहे हैं और इसमें विदेशी सैनिकों की भी भागीदारी है।

रोमानिया के विदेश मंत्रालय ने पुष्टि की कि यूक्रेनी अधिकारियों ने उसे रोमानियाई नागरिक की मौत के बारे में सूचित किया था। 27 वर्षीय रोमानियाई रुडोल्फ विटमैन का जन्म और पालन-पोषण अराद शहर में हुआ था। उनकी रुचि युद्धकला में थी और उन्होंने फ्रांसीसी अंतर्राष्ट्रीय सेना में लगभग पांच साल बिताए हैं। 2022 में यूक्रेन पर रूस के पूर्ण पैमाने पर आक्रमण की शुरुआत के बाद, उन्होंने यूक्रेन की तरफ से लड़ने का फैसला किया।

जो लोग उन्हें जानते हैं उनका कहना है कि यूक्रेन में बिताए एक साल के दौरान उन्होंने यूक्रेनी भाषा सीख ली। उसकी प्रेमिका इवान्ना यूक्रेन में रहती है। इससे पहले अक्टूबर में यूक्रेन में एस्टोनिया और फिनलैंड के स्वयंसेवकों की मौत की खबर आई थी। एक ब्रिटिश सांसद के पुत्र की तस्वीर भी रूसी सेना ने जारी कर दी थी, जिसे बाद में गिरफ्तार भी कर लिया गया था।

रूसी सेना ने अपने ऊपर हुए कई हमलों के लिए भी विदेशी सेना को जिम्मेदार ठहराया था। इसी क्रम में यह आरोप लगाया गया था कि ब्लैक सी के रूसी पोत पर हमले के लिए वे विदेशी पोत जिम्मेदार थे, जो काफी दूर तो थे लेकिन वहां से सारा हमला संचालित किया जा रहा था। इस रोमानिया के मारे गये सैनिक के बारे में और कुछ विशेष जानकारी सार्वजनिक नहीं की गयी है।