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ancient durga puja

हजार साल पुरानी पूजा की शुरुआत तोप दागकर होती है

राजा का शासन और राज तो पहले ही खत्म हो चुका था अनेक कहानियां जुड़ी हैं इस पूजा से मल्लराज ने शुरू की थी देवी पूजा राज…
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बांग्लादेश में दुर्गा पूजा का इतिहास आठ सौ साल पुराना है

राजा कंस नारायण राय ने की थी शुरुआत ढाकेश्वरी मंदिर की पूजा का अलग आकर्षण धीरे धीरे यह पूजा सार्वजनिक बनती चली गयी बाद…
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रघुनाथगंज की यह पूजा छह सौ साल पुरानी है

पीढ़ियों से पुराने रीति रिवाज से जारी है पूजा का अनुष्ठान कोडाखाकी नाम का रहस्य और अनूठी विधि दीपक से तय होती है संधि पूजा का…
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यहां देवी श्याम वर्ण में स्थापित हैं

पुरुलिया का देउलघाटा को लोग सबसे प्राचीन दुर्गा पूजा मानते हैं नदी के तट पर बना है यह मंदिर पुराना मंदिर दो हजार साल पुराना…
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यहां मां दुर्गा की प्रतिमा बनाती हैं महिलाएं

मुगल काल की पारिवारिक रीति अब भी कायम है वर्ष 1722 में पहली बार यहां पूजा हुई अब यह एक सार्वजनिक पूजा बन गया बांग्लादेश…
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दशमी से प्रारंभ होती है प्राचीन दुर्गा पूजा

पांच सौ सालों से चली आ रही है यहां की यह परंपरा बलाईचंडी देवी के रूप में होती है पूजा बिहार से भी हजारों श्रद्धालु यहां आते…
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पहले गोली दागकर होती थी पूजा की शुरुआत

प्रमुख साहित्यकारों और नेताजी की याद भी जुड़ी है आयोजन से बंकिम चंद्र की कई रचनाएं यहां पर आज भी नेताजी के घऱ जाता है प्रसाद…
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