कुल 6.3 अरब के क्रिप्टो चुरा लिये गये हैं
उत्तर कोरिया पर लग रहा आरोप
बड़े क्रिप्टो करेंसी के दाम गिर गये
फिलहाल तमाम निकासी पर रोक है
सिंगापुरः दुनिया के सबसे बड़े क्रिप्टोकरेंसी एक्सचेंज बाइनेंस से हैकरों ने 6.3 अरब डॉलर की रिकॉर्ड चोरी कर ली है। विश्लेषकों का मानना है कि यह डिजिटल संपत्ति के इतिहास में अब तक की सबसे बड़ी हैकिंग है, जिसके लिए उत्तरी कोरिया के एलीट हैकिंग यूनिट को जिम्मेदार ठहराया जा रहा है। इस खबर के आते ही क्रिप्टोकरेंसी बाजार में भारी गिरावट दर्ज की गई, जिससे बिटकॉइन छह हफ्ते के निचले स्तर 76,368 डॉलर और एथेरियम दो महीने के निचले स्तर 2,178 डॉलर पर पहुंच गया।
इस हमले के बाद बाइनेंस ने तत्काल प्रभाव से निकासी सेवाएं रोक दी हैं और अगले 45 घंटों के भीतर इन्हें बहाल करने का आश्वासन दिया है। बाइनेंस के सह-सीईओ रिचर्ड टेंग ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर उपयोगकर्ताओं को भरोसा दिलाते हुए कहा कि ग्राहकों का पैसा पूरी तरह सुरक्षित है और कंपनी अपने फंड व यूजर एसेट फंड से इस पूरे नुकसान की भरपाई करेगी।
ब्लॉकचेन विश्लेषण फर्मों- टीआरएम लैब्स और चेनालिसिस के अनुसार, यह पूरी हैकिंग गुरुवार देर रात महज 20 मिनट के भीतर अंजाम दी गई। हैकरों ने बाइनेंस के वॉलेट्स से क्रिप्टो संपत्तियों को अपने नियंत्रण वाले वॉलेट्स में ट्रांसफर कर लिया। यह पैटर्न 2025 में बायबिट एक्सचेंज पर हुए हमले से काफी मिलता-जुलता है। इस बीच टेथर, सर्किल और वर्ल्ड लिबर्टी फाइनेंशियल जैसे स्टेबलकॉइन जारीकर्ताओं के सहयोग से चोरी हुई संपत्ति में से लगभग 3 अरब डॉलर मूल्य के एसेट्स को तुरंत फ्रीज कर दिया गया है। फिलहाल शेष राशि का पता लगाने और कानून प्रवर्तन एजेंसियों के साथ जांच जारी है।