ईरान का युद्ध अब यमन के इलाके में फैलता जा रहा
अल मंदेब पर कब्जे की लड़ाई है यह
दोनों पक्ष लगातार हमला कर रहे हैं
विद्रोही ईरान के समर्थक गुट है
सानाः यमन में सरकारी बलों और हूती विद्रोहियों के बीच भीषण संघर्ष छिड़ गया है, जिसमें यमन के कम से कम 13 सरकारी सैनिकों की जान चली गई है। सैन्य सूत्रों के अनुसार, यह हिंसक झड़प उस समय शुरू हुई जब हूती लड़ाकों ने रणनीतिक रूप से अत्यंत महत्वपूर्ण बाब अल-मंदेब जलडमरूमध्य से सटे इलाकों पर अपना नियंत्रण स्थापित करने के इरादे से एक बड़ा हमला बोला।
एक उच्च पदस्थ सैन्य सूत्र ने अपना नाम उजागर न करने की शर्त पर बताया कि शुरुआती आंकड़ों के मुताबिक, इस भीषण संघर्ष में दो अधिकारियों समेत 13 सरकारी जवानों की मौत हो गई है। हूती लड़ाकों द्वारा अचानक किए गए इस जमीनी हमले का मुख्य उद्देश्य उस महत्वपूर्ण तटीय मार्ग पर पकड़ मजबूत करना था जो अंतरराष्ट्रीय समुद्री व्यापार और तेल परिवहन के लिए रीढ़ की हड्डी माना जाता है।
एक अन्य सैन्य सूत्र ने मौतों की पुष्टि करते हुए विस्तृत विवरण दिया कि मारे गए अधिकांश सैनिक बंदरगाह शहर मोखा और मुख्य भूमि के आंतरिक शहर ताइज़ के बीच स्थित अग्रिम मोर्चों पर तैनात थे। इसके अलावा, अन्य सैनिकों की मौत लाल सागर तट के आसपास के क्षेत्रों में हुई भीषण गोलीबारी में हुई। बाब अल-मंदेब और लाल सागर से सटे इस क्षेत्र में सुरक्षा बलों और हूती विद्रोहियों के बीच तनाव बेहद उच्च स्तर पर पहुंच गया है, जिससे पूरे क्षेत्र में अस्थिरता और ज्यादा गहरा गई है।