Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Ujjain-Jhalawar Fourlane: सिंहस्थ-2028 से पहले बदलेगी उज्जैन-राजस्थान की राह; 2721 करोड़ के फोरलेन प... Bhopal Fraud News: पुराने नोट बेचने के चक्कर में महिला ने गंवाए 1.91 लाख रुपये; जानें कैसे ठगों ने ब... Ujjain Development News: महाकाल महालोक के बाद बदली उज्जैन की तस्वीर; आध्यात्मिक राजधानी से अब 'विकास... MP Tax Evasion: कर चोरी और फर्जी बिलिंग पर लगाम; एमपी सरकार का नया डिजिटल मॉड्यूल, अब नागरिक सीधे कर... Tvisha Sharma Death Case: भोपाल में एक्ट्रेस ट्विशा शर्मा की संदिग्ध मौत की गुत्थी; सीबीआई क्राइम सी... Morena News: हाथ बांधकर नदी में कूदा प्रेमी युगल; सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो, जानें क्या है पूर... MP Transport News: मध्यप्रदेश में अब 7 क्षेत्रों में होगा बस संचालन; मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा की... Jabalpur Water Tank Scam: जल जीवन मिशन की खुली पोल; 3 करोड़ की टंकी पहली बार भरते ही हुई छलनी, ग्राम... Agra Crime News: आगरा के फाइव स्टार होटल में रईसजादों का 'फिल्मी' कारनामा; 41 हजार का डिनर कर बिल दि... Himachal Election Results: नगर निगम चुनाव में बीजेपी का दबदबा; 4 में से 3 सीटों पर जीत, कांग्रेस को ...

Bareilly Crime News: प्लॉट के नाम पर 10 लाख की ठगी; रुपये मांगने गए पीड़ित को पुलिस ने बनाया बंधक, वसूले 50 हजार

उत्तर प्रदेश के बरेली जिले में पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाने वाला एक गंभीर मामला सामने आया है। यहां एक पीड़ित को प्रॉपर्टी डीलर से अपने 10 लाख रुपये वापस मांगना भारी पड़ गया। आरोप है कि बारादरी थाने में तैनात चार पुलिसकर्मियों ने पीड़ित सोमवीर कश्यप को उठाकर थाने के एक निजी क्वार्टर में दो दिन तक बंधक बनाए रखा और रिहाई के एवज में उसके परिवार से 50 हजार रुपये की फिरौती वसूल की। एसएसपी अनुराग आर्य ने मामले की गंभीरता को देखते हुए चारों पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया है।

💰 प्लॉट के नाम पर 10 लाख की ठगी

पीड़ित सोमवीर कश्यप ने बताया कि उनकी मुलाकात प्रॉपर्टी डीलर प्रेम बाबू यादव से हुई थी। 12 मई को एग्रीमेंट के बहाने डीलर ने उन्हें अपने ढाबे पर बुलाया और रास्ते में जबरन उनके पास से 10 लाख रुपये से भरा बैग छीन लिया। डीलर के फरार होने के बाद सोमवीर जब उसकी तलाश करने लगे और रोज उसके ढाबे पर जाने लगे, तो प्रॉपर्टी डीलर ने रसूख का इस्तेमाल कर पुलिस को अपने पक्ष में कर लिया।

⛓️ थाने में बंधक बनाकर मांगी फिरौती

सोमवीर का आरोप है कि 14 मई को चार पुलिसकर्मी (दो वर्दी में और दो सादे कपड़ों में) ढाबे पर पहुंचे और उन्हें जबरन गाड़ी में बैठाकर बारादरी थाने ले गए। वहां उन्हें एक निजी क्वार्टर में बंद कर दिया गया। सोमवीर के अनुसार, पुलिसकर्मियों ने उन्हें 10 लाख रुपये का मामला भूल जाने की धमकी दी और रिहाई के बदले परिजनों से 50 हजार रुपये मंगवाए। पैसे मिलने के बाद ही उन्हें छोड़ा गया।

⚖️ एसएसपी की बड़ी कार्रवाई: भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं

रिहा होने के बाद पीड़ित ने सीधे एसएसपी अनुराग आर्य से मिलकर पूरे घटनाक्रम की शिकायत की। एसएसपी ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल जांच के आदेश दिए। जांच में कांस्टेबल आशीष मिश्रा, राहुल कुमार, आरक्षी सिद्धांत चौधरी और आदित्य प्रताप सिंह की भूमिका संदिग्ध पाई गई, जिसके बाद उन्हें सस्पेंड कर दिया गया है। एसएसपी ने स्पष्ट किया है कि पुलिस विभाग में भ्रष्टाचार और अनुशासनहीनता किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषियों के खिलाफ कठोर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।

संपादकीय टिप्पणी: रक्षक ही जब भक्षक बन जाएं, तो आम नागरिक का कानून से भरोसा उठना स्वाभाविक है। क्या आपको लगता है कि ऐसे मामलों में केवल सस्पेंशन ही पर्याप्त है, या संबंधित पुलिसकर्मियों पर आपराधिक मुकदमा दर्ज कर उन्हें सेवा से बर्खास्त कर देना चाहिए? अपने विचार नीचे साझा करें।